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निलंबित सरपंच और उपसरपंच को प्रभार देने के लिए जारी हुआ आदेश.

जनपद पंचायत बसना अंतर्गत ग्राम पंचायत मोहका के सरपंच और उपसरपंच को फर्जीवाड़ा की शिकायत में जाँच कर एसडीएम ने बर्खास्त कर दिया था. जिसके बाद इसकी अपील सरपंच और उपसरपंच ने हाईकोर्ट में की थी,  जिस पर कोर्ट ने उसकी बहाली के आदेश जारी किए हैं.

मोहका के सरपंच शारदा भोई और उपसरपंच के खिलाफ गांव के ही लोगों ने कलेक्टर व एसडीएम से फर्जीवाड़ा करने की शिकायत दर्ज कराई थी, जांच को देखते हुए पंचायती राज अधिनियम की धारा के तहत सरपंच को निलंबित कर दिया गया था. जिसके बाद उप चुनाव करवा कर सरपंच और उपसरपंच का पद का प्रभार दिया था.

इसके बाद सरपंच श्रीमती शारदा भोई और उपसरपंच अरविंद मिश्रा ने हाईकोर्ट में अपील की. जिसके आदेश के अनुसार सरायपाली एसडीएम ने मोहका के सरपंच और उप सरपंच को प्रभार देने के लिए जनपद पंचायत बसना के मुख्यकार्यपालन अधिकारी को आदेश जारी कर दिया है. जसके बाद कल सरपंच और उपसपंच ने पद भार ग्रहण किया है.

दरसल जनपद पंचायत बसना के ग्राम पँचायत मोहका की सरपंच श्रीमती शारदा भोई एवं उपसरपंच अरविंद मिश्रा को सीसी रोड निर्मांण में मिलीभगत कर शासकीय राशि का फर्जी मूल्यांकन कर गड़बड़ी करने के आरोप में एसडीएम सरायपाली ने निलंबित कर दिया था, सरपंच एवं उपसरपंच को नोटिस दिया गया था,  लेकिन दोनों के गांव में नहीं रहने के कारण गांव में चस्पा किया गया और गांव में ही इसकी जानकारी दी गई.

मुख्यमंत्री जनपद सशक्तिकरण पद से स्वीकृति सीसी रोड निर्माण कार्य में स्वीकृत राशि 1.99 लाख रुपए का फर्जी बिल भुगतान दर्शाकर शासकीय राशि का दुरूपयोग करने का आरोप सरपंच एवं उपसरपंच पर लगा. गौरतलब है कि ग्राम मोहका के ग्रामीणों ने सरपंच, उपसरपंच एवं सचिव के विरूद्ध गंभीर आर्थिक अनियमितता, पंचायत की राशि में हेरा-फेरी की गंभीर शिकायतें मुख्यमंत्री कलक्टर, एसडीएम एवं पंचायत विभाग के उच्चाधिकारियों से लिखित शिकायत कर अविलंब कड़ी कार्रवाई की मांग की गई थी.

ग्रामीणों ने रोजगार गारंटी योजना में सीसी रोड निर्माण में गंभीर अनियमितता की शिकायत भी की गई थी. जांच के दौरान पाया गया कि महिला सरपंच होने के कारण उपसरपंच भी काम में हाथ बटाते थे, इसलिए दोनों पर समान कार्रवाई की गई, प्रकरण का आंकलन करने के बाद सीईओ के पत्र 2 मार्च के अनुसार मोहका में सरपंच शारदा भोई एवं सरपंच अरविंद मिश्रा को सीसी रोड कार्य में मिलीभगत के आरोप में जांच के बाद दोषी पाया गया था, दोबारा जांच में भी वित्तीय अनियमितता होने की रिपोर्ट दी गई उसके बाद एसडीएम सरायपाली ने सरपंच एवं उपसरपंच अरविंद मिश्रा को निलंबित करते हुए दोनों को पद से पृथक कर दिया गया था.