देश भर में 1 से 7 अक्टूबर तक मनाया जा रहा है वन्यजीव सप्ताह. - CG Sandesh

देश भर में 1 से 7 अक्टूबर तक मनाया जा रहा है वन्यजीव सप्ताह.

देश भर में वन्य जीवों के संरक्षण के लिए केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण देशव्यापी वन्यजीव सप्ताह मना रहा हैं। भारतीय वन्यजीव बोर्ड का गठन 1952 में किया गया था, लेकिन वन्यजीव दिवस समारोह 1955 में शुरू हुआ और बाद में इसे 1957 में वन्यजीव सप्ताह समारोह के रूप में मनाया जाने लगा। इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को वन्यजीवों के संरक्षण के प्रति जागरूक करना है।

इस वर्ष 66वां वन्यजीव सप्ताह “दहाड़ और पुनर्जीवित- मानव-पशु संबंधों का अन्वेषण” विषय पर मनाया गया। इसका उद्देश्य जंगली पौधों और जानवरों के विशेष स्थानों, विविध और सुंदर रूपों में मनाने के लिए एक मंच प्रदान करना है। केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण ने पशु प्रबंधन की दिशा में काम करने वाले चिड़ियाघर के अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्राणी मित्र पुरस्कार की भी स्थापना की है।

सोमवार को केंद्रीय पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावडेकर की अध्यक्षता में एक विशेष ऑनलाइन समारोह में मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में प्राणी मित्र पुरस्कार के विजेता को सम्मानित किया गया।

इस मौके पर चिड़ियाघरों के प्रयासोंको प्रदर्शित करने वाली एक फिल्म को भी प्रदर्शित किया गया। इस दौरान "पारिस्थितिक तंत्र सेवाओं का आर्थिक मूल्यांकन, राष्ट्रीय प्राणी उद्यान" शीर्षक से एक रिपोर्ट भी जारी की गई। यह अध्ययन, भारत ही नहीं शायद पूरी दुनिया में अपनी तरह का पहला है। इस रिपोर्ट के मुताबिक पारिस्थितिक तंत्र सेवाओं का कुल वार्षिक आर्थिक मूल्य 422 करोड़ से अधिक होने का अनुमान है, जबकि चिड़ियाघर द्वारा प्रदान की गई कार्बन भंडारण और भूमि मूल्य जैसी सेवाओं की कुल लागत का मूल्य 55 हजार करोड़ से अधिक होने का अनुमान है। इस अध्ययन में स्पष्ट रूप से मानव कल्याण और देश भर में प्रतिकृति की आवश्यकता जैसे चिड़ियाघरों के महत्व पर प्रकाश डाला गया है।

केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण पशु आवास और कल्याण में वैश्विक मानकों को लागू करने वाले लगभग 160 चिड़ियाघरों और बचाव केंद्रों को मान्यता देता है। जिन्हे देखने साल भर में करीब 8 करोड़ पहुंचते हैं। ये चिड़ियाघर प्रकृति शिक्षा और जागरूकता के लिए एक आदर्श स्थान के रूप में काम करते हैं।



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