बैंकों की ओर से बढ़ाए जा रहे सर्विस चार्ज पर केंद्र का बड़ा बयान! कोई बैंक नहीं लेगा सेवा शुल्क
बैंकिंग सेवाओं (Banking Services) के लिए कुछ सरकारी बैंकों (PSBs) की ओर
से सर्विस चार्ज (Service Charges) बढ़ाए जाने की खबरों के बीच वित्त
मंत्रालय (Finance Ministry) ने कुछ तथ्य जारी किए हैं. केंद्र सरकार ने
कहा कि 60 करोड़ से अधिक बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट पर कोई सेवा शुल्क
नहीं लिया जाता है.
मंत्रालय ने स्पष्ट तौर पर कहा कि गरीबों और बैंकिंग
सेवा से महरूम रहे लोगों के लिए खोले गए 41.13 करोड़ जनधन खातों (Jan Dhan
Account) के लिए बैंक कोई सेवा शुल्क नहीं लेता है.
बैंक ऑफ बड़ौदा ने सेवा शुल्क में की थी बढ़ोतरी
रेग्युलर सेविंग्स अकाउंट्स (Saving Accounts),
करंट अकाउंट्स (Current Accounts), कैश क्रेडिट अकाउंट्स (Cash Credit
Accounts) और ओवरड्राफ्ट अकाउंट्स (Overdraft Accounts) को लेकर बैंकों ने
सेवा शुल्कों में कोई बढ़ोत्तरी नहीं की है. हालांकि, बैंक ऑफ बडौदा (Bank
of Baroda) ने नकद जमा और निकासी को लेकर 1 नवंबर 2020 से कुछ बदलाव जरूर
किए हैं. बैंक ने बिना किसी शुल्क के नकद राशि जमा करने (Cash Deposit) और
निकासी (Withdrawal) की सीमा 5 से घटाकर 3 कर दी है.
कोविड-19 महामारी से (Covid-19) बने हालात को देखते हुए बैंक ऑफ बडौदा ने इस बदलाव को भी वापस ले लिया है. वित्त मंत्रालय ने कहा है कि किसी भी सरकारी बैंक ने इस तरह का कोई बदलाव नहीं किया है.
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने अपने दिशानिर्देश में स्पष्ट कहा है कि
सरकारी बैंकों समेत सभी बैंकों से अपनी लागत के आधार पर लेवी चार्ज करने की
छूट दी गई है. आरबीआई ने कहा है कि बैंकों की ओर से लिया जाने वाला
लेवी चार्ज स्पष्ट, पारदर्शी और भेदभाव रहित होगा. सार्वजनिक क्षेत्र के
बैंकों को स्पष्ट तौर पर कहा गया है कि कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर
आने वाले समय में बैंक सेवा शुल्क से संबंधित बढ़ोतरी का कोई प्रस्ताव नहीं
लाएंगे.