एनडीए की परीक्षा में पहली बार इस साल से ही बैठेंगी लड़कियां.... - CG Sandesh

एनडीए की परीक्षा में पहली बार इस साल से ही बैठेंगी लड़कियां.....08.10.2021 तक भेज सकती हैं आवेदन

कोर्ट ने अपने अंतरिम आदेश को निरस्त करने से इनकार किया और कहा कि एनडीए में महिलाओं की प्रवेश परीक्षा इसी साल नवंबर महीने में होनी चाहिए. इससे पहले अगस्त महीने में कोर्ट ने अपने अंतरिम आदेश में कहा था कि महिलाएं एनडीए की परीक्षा दे सकती हैं.

सुप्रीम कोर्ट के आदेश का अनुपालन करते हुए यूपीएससी ने अपनी वेबसाइट upsconline.nic.in पर ऑनलाइन अर्ज़ियों के आवेदन मंगवाने का फैसला किया है. अब महिला उम्मीदवार 24.09.2021 से 08.10.2021 तक इसके लिए आवेदन भेज सकती हैं.

लेकिन इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में क्या-क्या कहा गया था और कोर्ट के आदेश पर विभिन्न पक्षों का क्या कहना है ये जानना बेहद ज़रूरी है.

सुप्रीम कोर्ट में इस मुद्दे पर जनहित याचिका डालने वाले वकील, कुश कालरा का कहना था कि लड़कियों को 12वीं के बाद एनडीए में जाने का मौक़ा नहीं मिलता था जो संविधान में उन्हें दिए गए अधिकारों का उल्लंघन है. ये चलन छह दशक से ज़्यादा समय से चला आ रहा है और यहां केवल पुरुषों को ही प्रवेश दिया जाता है.

सुप्रीम कोर्ट का कहना था कि महिलाओं को इसी साल परीक्षा मैं बैठने दिया जाए.

कोर्ट ने कहा, "हम भावी महिला उम्मीदवारों को उम्मीद देकर मना नहीं करना चाहते. प्रक्रिया शुरू कीजिए. ये एक परिवर्तन का चरण है और इस साल बेहतर सुविधाएं संभव नहीं हैं लेकिन अगले साल वो बेहतर होंगी. डिफ़ेंस फ़ोर्सेज ने ये बड़ा फ़ैसला लिया है और इसकी शुरुआत इसी साल होनी चाहिए. आप महिलाओं के लिए कम सीटों से शुरुआत कर सकते हैं और अगले साल इन सीटों को बढ़ा सकते हैं."

क्या हो सकती हैं चुनौतियां?

रिटायर्ड कर्नल पुनीत सहगल कहते हैं जब स्कूलों में वो लेक्चर के लिए जाते थे तो कई बच्चियां उन से पूछती थीं कि क्या वे 12वीं के बाद आर्मड फ़ोर्सेज में जा सकती हैं तो ऐसे में बेशक भावी उम्मीदवारों के लिए ये दरवाज़ा भी खुल जाएगा.

लेकिन वे मानते हैं कि ढांचागत सुविधाएं जैसे कमरे या बाथरूम जैसी सुविधाओं का प्रबंधन किया जा सकता है लेकिन कैडर प्लैनिंग एक लंबी योजना के अंतर्गत आता है. यहां देखना होगा कि सीटें कहां खाली हैं, उसके मानदंड क्या होंगे ये योजना पहले ही बन जाती हैं. अब उसे हटा कर नए सिरे से सोचने में समय तो चाहिए. जिसका ज़िक्र हलफ़नामे में भी किया गया है जो कि बिल्कुल जायज़ है.

उनके अनुसार, "ऐसे में अगर ये योजनाबद्ध तरीक़े से किया जाएगा तो सीटें भी ज़्यादा होंगी और बेहतर भी होगा इस मामले में आपातकालीन स्थिति नहीं है लेकिन शुरुआत करने की ही बात है तो पहले बैच में प्रशिक्षण या ढांचागत चुनौतियां या मुश्किलें आ सकती हैं जिनका समाधान भी निकालना होगा लेकिन फिर चीज़ें सामान्य होती जाएगी."


एनडीए के लिए प्रक्रिया

एनडीए में प्रवेश पाने से पहले एक उम्मीदवार को परीक्षाओं के कई चरणों से गुज़रना पड़ता है जिसमें लिखित परीक्षा में 12वीं तक पढ़े विषयों और सामान्य ज्ञान के बारे में पूछा जाता है.

इस स्तर पर पास करने वाले उम्मीदवारों को स्टाफ सेलेक्शन बोर्ड की परीक्षा और साक्षात्कार के लिए बुलाया जाता है. ये पांच दिन की प्रक्रिया होती है. इसके बाद चयनित छात्रों की लिस्ट जारी होती है.

एनडीए में चयन होने के बाद तीन साल की ट्रेनिंग होती है और फिर कैडेट थल सेना, जल सेना और वायु सेना के लिए स्पेशलाइज्ड ट्रेनिंग के लिए बनी एकेडमी में भेजे जाते हैं.


अन्य सम्बंधित खबरें