बसना : पत्नी की मौत के बाद मायके वालों ने की थी मारपीट, न्यायलय के आदेश पर दो के खिलाफ मामला दर्ज
बसना पुलिस ने न्यायलय के आदेश पर 8 दिसम्बर 2023 को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में हुए एक हुए मारपीट के मामले में दो आरोपियों पर अपराध दर्ज किया है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार 08 दिसंबर 2023 को गौरव वर्मा एवं दिनेश वर्मा ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बसना में रंजित सलूजा एवं उसके पुत्र गौरव सलूजा को मां बहन की अश्लील गाली देते हुए गौरव सलूजा को जान से मारने की धमकी दी.
आरोप है कि गौरव सलूजा के साथ अत्यंत निर्दयता पूर्वक मारपीट की गई थी, जिससे उसके चेहरे एवं बांये हाथ की उंगली में चोट आयी और बांये हाथ की उंगली फैक्चर हो गई, साथ ही उसके चेहरे एवं शरीर के अन्ये भागों पर चोट आयी थी.
जिसपर गौरव सलूजा के पिता रंजित सलूजा ने बसना न्यायलय में परिवाद प्रस्तु्त किया था, जिसके बाद न्यायलय के आदेश पर आरोपीगण गौरव वर्मा एवं दिनेश वर्मा के विरूद्ध धारा 294, 323, 506B, 325 एवं 34 भादवि का अपराध दर्ज किया गया.
आपको बता दें कि 8 दिसंबर 2023 को बसना नगर में एक 35 वर्षीय महिला सौम्या सलूजा की फांसी लगाकर आत्महत्या करने की खबर का सनसनीखेज मामला सामने आया था.
सौम्या के मौत की खबर मिलते ही उनके परिजनों ने भिलाई से बसना आकर पुलिस पर मामले में अपराध दर्ज ना करने जैसे कई गंभीर आरोप लगाये थे.
सौम्या के मायका वालों ने सौम्या के शव का पोस्टमार्टम कराकर उसके शव को लेकर थाने पहुंचकर जब तक न्याय नही मिलने और दो बच्चों की कस्टडी नही मिलने तक सौम्या के शव का अंतिम संस्कार नही करने की बात कहते हुए पुलिस पर सौम्या के ससुराल वालों के मिले होने का आरोप लगाया था.
स्थिति इतनी गंभीर थी सरायपाली, पिथौरा और भंवरपुर चौकी के प्रभारी सहित एसडीओपी को आना पड़ा था, इस बीच पुलिस द्वारा सौम्या के मायका को लाख समझाइश दी लेकिन वह मानने को तैयार नही थे.
सौम्या के मायका वालो ने सौम्या के पति और सास और ससुर पर हत्या का मामला दर्ज कर गिरफ्तार करने की मांग की, जिस पर आखिरकार पुलिस को सौम्या के मायका वालों की बात मानते हुए थाना में दूसरे कमरे में मौजूद सौम्या के पति सन्नी सलुजा और उसके पिता को पुलिस हिरासत में ले लिया और सौम्या के दोनो बच्चे और उसके सास को लेने पुलिस टीम रवाना किया था.
इस मामले में पुलिस ने गौरव सलूजा उर्फ सन्नी, रंजीत सलूजा और संगीता सलूजा के विरुद्ध धारा 498 A, 306 IPC का अपराध पंजीबद्ध किया था.