महासमुंद : कलेक्टर ने ली महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा बैठक, दिए आवश्यक निर्देश
बैठक में कलेक्टर लंगेह ने जिले को कुपोषण मुक्त बनाने के लिए विभागीय योजनाओं के प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि महिला एवं बाल विकास विभाग की सभी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र हितग्राही तक समय पर पहुंचे तथा इसमें किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
कलेक्टर ने आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से पूरक पोषण आहार (टीएचआर) का नियमित वितरण, पात्र हितग्राहियों को गर्म भोजन उपलब्ध कराने तथा सभी वितरण व्यवस्थाओं की सतत निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र में पोषण वाटिकाओं के विकास, स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता एवं आवश्यक मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने गंभीर कुपोषित बच्चों के समुचित उपचार के लिए पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने तथा एनआरसी में शत-प्रतिशत बेड ऑक्यूपेंसी बनाए रखने के निर्देश दिए। साथ ही पात्र बच्चों की समय पर पहचान कर उन्हें उपचार हेतु एनआरसी भेजने की कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना एवं महतारी वंदन योजना के तहत सभी पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित करने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी पात्र हितग्राही का नाम छूटना नहीं चाहिए।
समीक्षा के दौरान कम प्रगति वाले दो सेक्टर पर्यवेक्षकों के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से विभागीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, नियमित मॉनिटरिंग तथा निर्धारित लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।