CG : राष्ट्रीय नाट्य महोत्सव में गूंजा ‘वंदे मातरम्’, जांजगीर-चांपा में देशभक्ति से सराबोर हुआ मंच
जांजगीर-चांपा : महाकवि कालिदास जयंती और राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जांजगीर-चांपा में राष्ट्रीय नाट्य महोत्सव-2026 का भव्य आयोजन किया गया। संगीत नाटक अकादमी, नई दिल्ली के तत्वावधान में देशभर में एक साथ आयोजित इस महोत्सव के लिए छत्तीसगढ़ से जांजगीर-चांपा का चयन किया गया, जहां जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) परिसर में रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं।
कार्यक्रम के दौरान कालिदास संस्कृत अकादमी के अभिरंग नाट्यगृह में डॉ. भीमराव आंबेडकर साहित्यिक, सांस्कृतिक, शैक्षणिक एवं सामाजिक समिति के सहयोग से देशभक्ति पर आधारित नाटक ‘वंदे मातरम्’ का प्रभावशाली मंचन किया गया। डाइट के छात्र-अध्यापकों और कलाकारों ने अपने अभिनय के माध्यम से भारतीय स्वतंत्रता संग्राम, राष्ट्रप्रेम और सांस्कृतिक मूल्यों को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया।
करीब 15 से 20 कलाकारों की प्रस्तुति ने दर्शकों को भावुक करने के साथ ही देशभक्ति की भावना से भी ओत-प्रोत कर दिया। नाटक के माध्यम से आजादी के आंदोलन और राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम्' के ऐतिहासिक महत्व को प्रभावी ढंग से मंच पर प्रस्तुत किया गया।
राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित इस महोत्सव में 39 से अधिक भारतीय भाषाओं में 150 से ज्यादा नाट्य प्रस्तुतियां, 4 हजार से अधिक कलाकारों और 150 से अधिक सांस्कृतिक संस्थाओं ने भाग लिया। इस दृष्टि से यह आयोजन देश के सबसे बड़े रंगमंचीय महोत्सवों में शामिल रहा।
छात्रा-अध्यापक गीतांजली गबेल ने बताया कि आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति, साहित्य, रंगमंच और राष्ट्रभक्ति की भावना से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन भारतीय सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रीय चेतना को रंगमंच के माध्यम से समाज तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने का कार्य करते हैं।