बसना : डीईओ कार्यालय की सुस्त कार्यशैली, तीन माह से नहीं हुई प्रथम अपील की सुनवाई।
जिला शिक्षा अधिकारी महासमुन्द कार्यालय में सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत दायर प्रथम अपील आवेदनों की सुनवाई पिछले तीन माह से लंबित है। जिम्मेदार अधिकारियो के द्वारा जानबूझकर इस आरटीआई एक्ट का धज्जियां उडाया जा रहा है।
आवेदक विनोद कुमार दास का आरोप है कि निर्धारित समय-सीमा बीत जाने के बाबजूद प्रथम अपीलीय अधिकारी द्वारा ना तो सुनवाई की तिथि निर्धारित की गई और ना कोई आदेश पारित किया गया है। जिस कारण ऐसे में छत्तीसगढ राज्य सूचना आयोग में प्रकरणों की संख्या बढता है। जिसे रोकने के संबंध में छत्तीसगढ शासन द्वारा स्पष्ट रूप से सख्त निर्देश जारी किये गये है।
मालूम हो कि सूचना का अधिकार अधिनियम में प्रथम अपील आवेदन को 30 दिन में सुनवाई किया जाना है, विशेष कारणवश हो तो अधिकतम 45 भीतर गुणदोष के आधार से निपटारा करना अनिवार्य है। इसके बाबजूद इस अधिनियम की अवहेलना किया जा रहा है। इससे पारदर्शिता एवं जवाबदेही पर भी सवाल उठ रहा है।
आवेदक ने बताया कि जिम्मेदार अधिकारियो के द्वारा शीघ्र सुनवाई कर वैधानिक प्रावधानों के अनुरूप निर्णय पारित नही करने एवं लंबित मामलो का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित नही होने पर इसकी शिकायत शासन स्तर में मंत्रालय में किया जायेगा। महासमुंद डीईओ बी.एल. देवांगन से सम्पर्क हेतु प्रयास करने पर उनका मोबाइल स्वीच आफ मिला।