बसना के तत्कालीन बीईओ जोइधाराम डहरिया निलंबित, विभागीय कार्रवाई से मचा हड़कंप,जांच में सामने आई थी अनियमितता।
शासकीय स्कूलों के विद्युत देयक (बिजली बिल) की राशि के गबन और गंभीर वित्तीय अनियमितता के मामले में स्कूल शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। बसना के तत्कालीन विकासखंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) और वर्तमान में सारंगढ़-बिलाईगढ़ के प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) जोईधा राम डहरिया को राज्य शासन ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। संभागीय संयुक्त संचालक (शिक्षा) रायपुर द्वारा की गई जांच रिपोर्ट के आधार पर स्कूल शिक्षा विभाग ने यह सख्त कदम उठाया है।
जारी आदेश के अनुसार, तत्कालीन बीईओ जोईधा राम डहरिया द्वारा शासकीय प्राथमिक व पूर्व माध्यमिक शालाओं के बिजली बिल की आहरित राशि जमा न कर गबन किया गया, जिससे शासन को भारी क्षति पहुंची। जिसका शिकायत विनोद कुमार दास एवं विवेक साहू ने किया था।
बसना बीईओ कार्यालय में वर्ष 2018-19 से 2024-25 के दौरान बिजली बिल भुगतान की राशि बिना किसी सक्षम स्वीकृति और नस्ती के चेक से नगद आहरित कर ली गई थी। जांच के दौरान तत्कालीन लेखापाल सूर्यकांत मिश्रा और तत्कालीन बीईओ दोनों ही गबन के जिम्मेदार पाए गए थे। इस मामले में तत्कालीन लिपिक सूर्यकांत मिश्रा को पहले ही निलंबित किया जा चुका है, और अब तत्कालीन बीईओ पर भी गाज गिरी है।
छ.ग. सिविल सेवा (आचरण) नियमों के उल्लंघन पर राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के तहत यह कार्रवाई की है। निलंबन अवधि में जोगधाराम डहरिया का मुख्यालय कार्यालय संभागीय संयुक्त संचालक (शिक्षा) रायपुर नियत किया गया है।