लापरवाही : क्वारेंन्टाईन सेंटर से दो फ़रार, 2 आ गए अपने घर.  - CG Sandesh

लापरवाही : क्वारेंन्टाईन सेंटर से दो फ़रार, 2 आ गए अपने घर.

खल्लारी थाना अंतर्गत  ग्राम पंचायत आंवराडबरी वि.खण्ड बागबाहरा से दो व्यक्ति के क्वारेंन्टाईन सेंटर से फ़रार होने पर मामला दर्ज किया गया है. ये दोनों व्यक्ति हैदराबाद से आये थे जिन्हें प्राथमिक शासकीय भवन आंवराडबरी में रखा गया था. जिनपर अब मामला दर्ज कर लिया गया है.

जानकारी के अनुसार  महेश पिता खोजु राम उम्र 27 वर्ष,  सुखदेव पिता धन सिंग उम्र 22 वर्ष,  गोविंद पिता लखन नागवंशी उम्र 20 वर्ष,  मनोज पिता भुखउ नागवंशी उम्र 19 वर्ष बोईरगांव थाना खल्लारी जो हैदराबाद काम करने गये थे. इनके 2 मई को वापस आने के बाद इन्हें क्वारेंन्टाईन सेंटर में रखा गया था जिसमें से दो व्यक्ति महेश पिता खोजु राम एवं सुखदेव पिता धन सिंग क्वारेंटाईन सेंटर से फरार हो गए. मामले में आरोपी महेश निषाद एवं सुखदेव नागवंशी का कृत्य अपराध धारा 188, 269, 270, 34 भादवि का होना पाये जाने से अपराध कायम कर विवेचना में लिया गया है.

गौरतलब है कि वर्त्तमान में राज्य शासन द्वारा राज्य से बहार प्रवासी को वापस लाकर उनके ही गाँव में 14 दिन के लिए क्वारंटाइन करना है. अगर लौटे हुए सभी प्रवासी 14 दिन के लिए क्वारंटाइन नहीं किये जाते है तो इससे जिले में संक्रमण का खतरा कई गुना बढ़ सकता है. इस बीच अगर ये लोग किसी और के संपर्क में आते है तो और भी कई लोगों पर खतरा मंडरा सकता है.

जबकि सरायपाली थाना अंतर्गत ग्राम भीखापाली से भी है. जहाँ 06 मई को प्राथमिक शाला भीखापाली के क्वारेंटाइन सेंटर में रखे आरोपी मनीराम ओगरे पिता दासरथी ओगरे, जनकराम ओगरे पिता मनीराम ओगरे 25 वर्ष,  श्रीमति कयाबाई पति मनीराम ओगरे 43 वर्ष,  श्रीमति अनिता ओगरे पति जनकराम ओगरे 22 वर्ष, रोहीदास ओगरे पिता स्व. शोभित ओगरे 70 वर्ष ,  बलराम ओगरे पिता राजाराम ओगरे 26 वर्ष,  श्रीमति पुष्पा ओगरे पति बलराम ओगरे 25 वर्ष ,  सरधाराम ओगरे पिता राजाराम ओगरे 22 वर्ष, श्रीमति हेमबाई पति सरधाराम ओगरे 22 वर्ष भीखापाली जिन्हें 4 मई को क्वारेंटाईन सेंटर सेंटर में रखा गया था लेकिन ये सभी एकराय होकर राज्य शासन के उक्त आदेश का उल्लंघन करते हुए प्राथमिक शाला भीखापाली से भागकर अपने अपने घर चले गये गये हैं, जो धारा 144 जा0फौ0 का उल्लंघन करते पाये जाने पर आरोपियों के विरूद्ध धारा 188,269,270,34 भादवि अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है.

आपको बता दें कि पहले भी छत्तीसगढ़ में प्रवासी मजदूरों में कोरोना पॉजिटिव का केस पाया गया है, इसके बावजूद सेंटरों में इस तरह की लापरवाही प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करते हैं. जबकि अभी जिले में सभी ब्लाक में हजारों की संख्या में प्रवासियों का आना होगा और अब जिले में लॉकडाउन से काफी दुकानों को खोलने की छुट भी दे दी गई है. 


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