सिगलेर गोलीकांड की सत्यता जानने निकले शिवसेना के प्रतिनिधिमंडल को प्रशासन ने रोका
शिवसेना, छत्तीसगढ़ के प्रदेश प्रमुख धनंजय सिंह परिहार के आदेश पर शिवसेना का एक प्रतिनिधिमंडल सुकमा-बीजापुर जिला के सीमाई क्षेत्र सिगलेर में हुए गोलीकांड की जांच एवं सत्यता जानने की मंशा से रवाना हुई थी। शिवसेना के एक प्रतिनिधिमंडल को मार्ग पर तर्रेम थाना क्षेत्र में ही पुलिस द्वारा रोक दिया गया एवं सुरक्षा इंतजाम नहीं होने की बात कहते हुए आगे जाने नहीं दिया गया।
ठीक इसी दौरान इस कथित गोलीकांड की जांच करके आ रहे अधिकारियों से शिवसेना के प्रतिनिधिमंडल की भेंट हो गई। शिवसेना के प्रतिनिधीमण्डल द्वारा जांच अधिकारियों के समक्ष इस कथित गोलीकांड के संबंध में अपनी आपत्तियां दर्ज कराई गई एवं गोलीकांड में मृत हुए प्रत्येक परिवार को उचित मुआवजा की मांग की गई।
ग़ौरतलब होकि बीते दिनों हुए इस कथित गोलीकांड में ग्रामीणों ने सुरक्षा
बलों द्वारा गोली चलाकर हत्या का आरोप लगाया था, जबकि प्रशासन के अनुसार
कैम्प पर नक्सलियों ने हमला बोल दिया था। लेकिन अब तक इसकी सच्चाई सामने
नही है, और घटना में मृतक नक्सल थे य्या ग्रामीण इसकी भी पुष्टि नही की गई
है।
शिवसेना ने जांच अधिकारियों के माध्यम से सरकार और प्रशासन को
यह भी कहा कि आगे से ऐसी युति करें कि जिससे यहक्षेत्र की आम जनता को न्याय
ही मिले। इस प्रतिनिधीमण्डल का नेतृत्व प्रमुख रूप से शिवसेना के
उत्तरबस्तर संभाग प्रभारी श्री चन्द्रमौली मिश्रा व दक्षिण बस्तर संभाग
प्रभारी सरगिम क़वासी कर रहे थे।दल में दंतेवाड़ा जिला अध्यक्ष महेश स्वर्ण,
कांकेर जिला युवा सेना अध्यक्ष खेमलाल माहला ,भानुप्रतापपुर ब्लाक
उपाध्यक्ष अनेश नुरेटी आदि शामिल थे।