सुख-शान्ति और बरकत बढ़ाती हैं ये चीजें, नवरात्रि के दौरान इन्हें जरूर खरीदें
2 अप्रैल शनिवार के दिन से चैत्र नवरात्रि की शुरुआत होने जा रही है. नवरात्रि में मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है. इसके लिए माता के भक्त काफी पहले से तैयारियों में जुट जाते हैं. नवरात्रि के दिनों को बेहद शुभ माना जाता है.
इस बीच कई तरह के अनुष्ठान और धार्मिक कार्य किए जाते हैं. साथ ही तमाम लोग गृह प्रवेश, मकान की खरीददारी, मुंडन, सगाई आदि शुभ काम भी करते हैं. मान्यता है कि नवरात्रि के दिनों में किए गए किसी भी कार्य में मां दुर्गा का आशीर्वाद प्राप्त होता है और वो कार्य पूरी तरह सफल होता है. इस दौरान कुछ चीजों को खरीदकर घर लाना भी शुभ माना गया है. मान्यता है कि इससे परिवार में सुख-शान्ति और बरकत बढ़ती है. जानिए उन चीजों के बारे में.
चांदी का सामान
चांदी का कोई भी सामान संपन्नता का प्रतीक है. माना जाता है कि नवरात्रि के दिनों में अगर कोई भी चांदी की चीज घर पर लाई जाए तो आर्थिक स्थिति अच्छी होती है. लेकिन चांदी की किसी भी चीज को लाने के बाद पहले माता के सामने अर्पित करें, इसके बाद ही इसे इस्तेमाल करना चाहिए.
मिट्टी का मकान
नवरात्रि के दिनों में मिट्टी से बना छोटा सा मकान खरीदकर लाएं या घर में बना लें. इसके बाद इस मकान को माता के समक्ष रख दें. नौ दिनों तक माता की पूजा करें और ये मकान वहीं रखा रहने दें. मान्यता है कि इससे आपकी प्रॉपर्टी खरीदने के योग शीघ्र बनते हैं और आपके पास धन की कमी नहीं रहती. इसके अलावा परिवार में रहने वाले सभी सदस्यों के बीच प्रेम बना रहता है.
सुहाग का सामान
माता को शृंगार करना अति प्रिय है. ऐसे में सुहागिन महिलाएं मातारानी को नवरात्रि के दिनों में लाल चुनरी के साथ सुहाग का सामान अर्पित करें. ऐसा करने से पति की आयु बढ़ती है, उसके जीवन के तमाम संकट दूर होते हैं और वैवाहिक जीवन सुखद बनता है. वहीं अगर कुंवारी कन्या ऐसा करे तो उसे शीघ्र मनचाहा पति मिलता है.
मौली
अगर आपके मन में कोई विशेष मनोकामना है जिसकी पूर्ति माता से करवाना चाहते हैं, तो नवरात्रि के दिनों में आपको मौली खरीदकर जरूर लानी चाहिए. मौली के धागे में नौ गांठें लगाकर मातारानी को समर्पित कर दें. इसके बाद उनके समक्ष अपनी कामना रखें. आपको माता का आशीर्वाद जरूर मिलेगा और कामना शीघ्र पूरी होगी.
पताका
नवरात्रि के पहले दिन ही लाल रंग का त्रिकोणीय पताका खरीदकर लाएं. इसे बहुत शुभ माना जाता है. उसे माता के समक्ष पूजा घर में नौ दिनों तक रखें और माता का पूजन करते समय इस पताके का भी पूजन करें. इसके बाद नवमी के दिन उस पताका को मां के मंदिर की गुंबद में लगा आएं. इससे आपकी तमाम बलाएं टल जाती हैं, आपके परिवार में सुख समृद्धि आती है और मनोकामना पूरी होती है.