जानिए बसना, सरायपाली, पिथौरा और बागबाहरा की स्वच्छता स्थिति
जिले के अन्य शहरों से स्वच्छता रैंकिंग में पिछड़ने के बाद महासमुंद नगर पालिका अब स्वच्छता एप डाउनलोड करवाने के मामले में भी पिछड़ गया है।
रैंकिंग में पिछड़ने के बावजूद न तो पालिका प्रशासन द्वारा इसके लिए कोई प्रयास किया जा रहा है और न ही अब तक कोई जागरूकता कैंप का आयोजन किया गया है। मिली जानकारी के अनुसार तकरीबन 20 हजार घरों में यहां 70 हजार से अधिक लोग निवासरत है, लेकिन अब तक महासमुंद शहर में केवल 381लोगों ने ही एप्लीकेशन डाउनलोड किया है।
इधर पहले ही शहर की सफाई व्यवस्था के मामले में जिला मुख्यालय बागबाहरा, सराईपाली और बसना से पिछड़ा हुआ है। हालांकि महासमुंद की स्थिति सबसे अधिक गंदगी वाले पिथौरा शहर और रैंकिंग में 388वें स्थान पर तुमगांव से बेहतर स्थिति में है।
यह बता रहे हैं अब तक के आंकड़े : स्वच्छता को लेकर सामने आए आंकड़ों में यह खुलासा हुआ है कि जिला मुख्यालय की स्थिति जिले के ही तीन अन्य नगर पालिकाओं से बदतर हैं। महासमुंद शहर 2331.6 अंक लेकर 113वें स्थान पर है, जबकि जिले के तीन अन्य शहर बागबाहरा, सरायपाली और बसना क्रमश: 52वें, 37वें और 124वें स्थान पर है। जिला मुख्यालय में सफाई की स्थिति पिथौरा और तुमगांव से बेहतर है। तुमगांव रैंकिंग में 293वें और पिथौरा 388वें पायदान पर है।
एप से कर सकते हैं गंदगी की शिकायत
गूगल प्ले स्टोर में जाकर स्वच्छता एप सर्च कर इसे डाउनलोड किया जा सकता है। मोबाइल नंबर से एप रजिस्टर्ड होने के बाद ओटीपी के माध्यम से कंफर्म किया जाता है। इसके बाद लोकेशन की जानकारी मांगी जाती है। स्वच्छता एप के जरिए आप अपने आसपास सफाई की स्थिति को सीधे अपने मोबाइल से भेज सकते हैं। साथ ही सफाई संबंधी शिकायत भी इस एप के माध्यम से की जा सकती है।
कचरा कलेक्शन टीम बताएगी एप के बारे में
जिला मुख्यालय में अधिकतर लोगों को अब तक स्वच्छता एप के बारे में जानकारी नहीं है। पालिका के अभिषेक गुप्ता का कहना है कि अब तक वार्डों में स्वच्छता एप डाउनलोडिंग के लिए किसी प्रकार का शिविर नहीं लगाया गया है, लेकिन कचरा कलेक्शन के लिए घर-घर पहुंच रहे कर्मचारियों को इस एप के बारे में लोगों को बताने कहा गया है।