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प्राइवेट IITs की UP में इस साल नहीं बढाई जाएगी फीस...अभिभावकों को दी बड़ी राहत

 नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश सरकार ने वर्तमान शैक्षिणक सत्र 2023-24 में भी निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में फीस वृद्धि नही किए जाने का निर्णय लिया है.

कोविड-19 (COVID-19) महामारी से उत्पन्न असाधारण परिस्थितियों से अधिकांश अभिभावकों की आर्थिक स्थिति कमजोर हो जाने के कारण हो रही परेशानियों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने वर्ष 2018 के लिए निर्धारित निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों

(IIT) के लिए मानक शुल्क को यथास्थिति रखा गया था.वर्तमान सत्र में भी वर्ष 2018 मे निर्धारित निजी आईटीआई की फीस (UP IIT College Fees) को ही जारी रखने का निर्णय लिया गया है.

 


 


अभिभावकों को बड़ी राहत दी गई है

प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर व्यवसायिक शिक्षा के क्षेत्र में अपना भविष्य बनाने जा रहे छात्रों और उनके अभिभावकों को ये बड़ी राहत दी गई हैं.

उल्लेखनीय है कि विशेष सचिव, व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास और उद्यमशीलता विभाग अभिषेक सिंह की ओर से इस संबंध में आवश्यक शासनादेश जारी कर दिया गया है.

फीस प्रस्ताव का समय पर ऑफिशियल निर्देश जल्द

उन्होंने निदेशक, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन उत्तर प्रदेश, लखनऊ को आगामी सत्र 2024-25 के लिए फीस नियतन का प्रस्ताव समय अप्रैल, 2024 तक उपलब्ध कराए जाने के निर्देश दिए है. ऐसे में उन स्टूडेंट्स के लिए अच्छी खबर हैं

जो इस साल आईआईटी के प्राइवेट कॉलेजों में एडमिशन लेना चाहते हैं. सरकार ने ये फैसला स्टूडेंट्स के हित के लिए लिया है. इस फैसले से कई पैरेंट्स को राहत मिलेगी. कोरोना के समय में लोगों की आर्थिक स्थति ऐसी हुई कि आज तक लोगों को उसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है.



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पल्लवी मंडावी

पल्लवी मंडावी पत्रकारिता (जर्नलिज्म) में स्नातक हैं और उन्हें मीडिया के क्षेत्र में 7 वर्षों का लंबा और गहन जमीनी अनुभव है। एक प्रखर स्वतंत्र लेखिका (Independent Writer) के रूप में विभिन्न प्रतिष्ठित मंचों में उनके लेख प्रकाशित होते रहते हैं। पल्लवी सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर बेहद बेबाकी से लिखती हैं और अपनी धारदार लेखनी के माध्यम से जनसरोकार की आवाज़ को प्रमुखता से सबके समक्ष रखती हैं।
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