महासमुंद : स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी माध्यम आदर्श महाव... - CG Sandesh

महासमुंद : स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी माध्यम आदर्श महाविद्यालय में विश्वविद्यालय समिति द्वारा संबद्धता हेतु निरीक्षण कार्य किया गया

31 जनवरी को प्राचार्य प्रो. (डॉ.) अनुसुइया अग्रवाल (डी. लिट.) के मार्गदर्शन में स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी माध्यम आदर्श महाविद्यालय महासमुंद का संबद्धता हेतु निरीक्षण कार्य संपन्न कराया गया. निरीक्षण समिति ने महाविद्यालय के नोडल अधिकारी अजय राजा (सहायक प्राध्यापक -वाणिज्य, शासकीय महाप्रभु वल्लभाचार्य स्नातक उत्तर महाविद्यालय महासमुंद) के अगुवाई में महाविद्यालय में उपलब्ध सभी व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की।

डॉ. संजय कुमार पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर के द्वारा गठित तीन सदस्यीय निरीक्षण समिति के संबंधवायक के रूप में समिति का नेतृत्व किया। समिति में डॉ. संजय कुमार पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय कंप्यूटर अध्ययनशाला , डॉ मधु लता बारा पंडित रवि शंकर शुक्ल विश्वविद्यालय हिंदी साहित्य अध्ययन शाला तथा डॉ. मधु श्रीवास्तव शासकीय दूधाधारी बजरंग महिला स्नातक उत्तर महाविद्यालय रायपुर शामिल थे।

महाविद्यालय में बी.ए. प्रथम वर्ष (कला संकाय) में आधार पाठ्यक्रम (हिंदी एवं अंग्रेजी भाषा) ,अंग्रेजी साहित्य, समाजशास्त्र, अर्थशास्त्र तथा राजनीति शास्त्र के साथ कुल 60 सीटों पर प्रवेश उपलब्ध है। बीएससी प्रथम वर्ष गणित समूह में आधार पाठ्यक्रम (हिंदी एवं अंग्रेजी भाषा) ,रसायन शास्त्र गणित भौतिक शास्त्र के साथ कुल 60 सीटों पर प्रवेश उपलब्ध है। बीएससी कंप्यूटर साइंस प्रथम वर्ष में आधार पाठ्यक्रम (हिंदी एवं अंग्रेजी भाषा) ,गणित कंप्यूटर तथा भौतिक शास्त्र के साथ कुल 60 सीटों पर प्रवेश उपलब्ध है। बीकॉम वाणिज्य संकाय प्रथम वर्ष में आधार पाठ्यक्रम (हिंदी एवं अंग्रेजी भाषा) , बीकॉम कंप्यूटर के साथ कुल 90 सीटों पर प्रवेश उपलब्ध है। उक्त चारों संकायों की संबद्धता हेतु प्रतिवेदन तैयार करने के उद्देश्य से निरीक्षण समिति आज उपस्थित हुई।

पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय उप कुलसचिव (अकादमिक) के निर्देशनानुसार समिति ने महाविद्यालय परिसर तथा महाविद्यालय में उपलब्ध सभी मूलभूत आवश्यकताओं तथा सुविधाओं का जायजा लिया। महाविद्यालय के रसायन शास्त्र प्रयोगशाला, भौतिक शास्त्र प्रयोगशाला, कंप्यूटर लैब, ग्रंथालय की किताबें, पेयजल व्यवस्था, इंटरनेट, खेल के मैदान, विद्यार्थियों की संख्या, शिक्षकों की संख्या, अध्ययन अध्यापन की सुविधा, स्वच्छता एवं शौचालय व्यवस्था आदि का गहनता पूर्वक निरीक्षण किया।

आंतरिक एवं बाह्य निरीक्षण के उपरांत निरीक्षण समिति महाविद्यालय सभागार में विद्यार्थियों से रूबरू हुए। समिति के सदस्यों ने विद्यार्थियों से महाविद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं तथा समस्याओं के संदर्भ में बातचीत की तथा उन्हें विश्वविद्यालय नियमों तथा अधिनियमों से भी अवगत कराया। निरीक्षण समिति के तीनों सदस्यों ने अपने-अपने संकाय के विद्यार्थियों से अध्ययन अध्यापन संबंधी चर्चा करते हुए विषय संबंधी व्याख्यान भी प्रदान किये।

डॉ. संजय कुमार ने बी.कॉम.(कंप्यूटर एप्लीकेशन) तथा बी.एससी. (कंप्यूटर साइंस) की संबद्धता संबंधी प्रतिवेदन तैयार किया। डॉ. संजय कुमार के ही निर्देशन में डॉ. मधुलता बारा ने कला संकाय (बी. ए. ) तथा डॉ. मधु श्रीवास्तव ने विज्ञान संकाय बी.एससी.(गणित विभाग) की संबद्धता संबंधी प्रतिवेदन तैयार किया। महाविद्यालय की मुखिया प्राचार्य प्रो. (डॉ.) अनुसुइया अग्रवाल ने समिति को निरीक्षण हेतु अपना महत्वपूर्ण समय देने तथा सुझाव प्रदान करने हेतु आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम में महाविद्यालय की अंग्रेजी की वरिष्ठ सहायक अध्यापक डॉ. श्रुति झा, हिंदी सहायक प्राध्यापक प्रतिमा चंद्राकर, रवि देवांगन (सहायक प्राध्यापक -अर्थशास्त्र), तरुण कुमार बांधे ( सहायक प्राध्यापक- वाणिज्य), मुकेश कुमार सिन्हा (व्याख्याता कंप्यूटर एप्लीकेशन), हरिशंकर नाथ (व्याख्याता -राजनीति शास्त्र), निलेश कुमार तिवारी (व्याख्याता- गणित), माधुरी दीवान (व्याख्याता -वाणिज्य), शिखा साहू (व्याख्याता - भौतिकी), केमिका चंद्राकर (व्याख्याता - कंप्यूटर विज्ञान), शेषनारायण साहू (प्रयोगशाला तकनीशियन), शशि कुमार सोनी (छात्रावास अधीक्षक),श्री जगतारण बघेल (प्रयोगशाला तकनीशियन) , आदि उपस्थित रहे. कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु महाविद्यालय के कर्मचारी कौशल साहू, धर्मेंद्र साहू तथा श्री चंदू सिन्हा ने सक्रिय भूमिका निभाई ।


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