छत्तीसगढ़ में नीबू वाले बाबा, नीबू चटवाने के बाद महिलाएं हो ज... - CG Sandesh

छत्तीसगढ़ में नीबू वाले बाबा, नीबू चटवाने के बाद महिलाएं हो जाती है गर्भवती, मौके पर पहुंचा प्रशासन, फिर जो हुआ….

 महासमुंद। महासमुंद जिले के बसना ब्लॉक बूटीपाली गांव इन दिनों चमत्कारी बाबा के नाम से चर्चा में है, क्योंकि यहां एक बाबा निःसंतान महिलाओं को संतान प्राप्ति के लिए नींबू मंदार फूल खिलाकर झाड़ फूंक करता है। 40 साल के बाबा पीतांबर जगत का दावा है कि निःसंतान महिलाओं को नींबू चटवाने और मंदार का फूल खिलाने के बाद महिलाएं गर्भवती हो जाती है। बूटीपाली गांव में बाबा पीतांबर जगत बीते नवरात्रि से निःसंतान दम्पतियों कों संतान प्राप्ति के लिए दरबार लगा रहे थे, जिसकी शिकायत अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने कलेक्टर से की थी। इसके बाद प्रशासन ने दरबार को बंद करा दिया है।



40 साल के बाबा पीतांबर जगत निःसंतान महिलाओं को दावा करता हैं कि इसे खाने के बाद महिलाएं गर्भवती हो जाती हैं। निःसंतान दंपत्ति बच्चे की चाह में बाबा के पास पहुँचते थे। बूटीपाली गांव में पीतांबर जगत नाम के बाबा बीते नवरात्रि से निःसंतान दम्पतियों कों संतान प्राप्ति के लिए दरबार लगाते थे। हर मंगलवार और शनिवार कों बाबा के घर में दरबार लगता था।  महासमुंद सहित अन्य राज्यों से लोग हजारों की संख्या में लोग बाबा के पास आते थे। ग्रामीणों का कहना हैं कि दरबार लगता था तब हजारों लोग आते थे। पूरे गांव में गाड़ियों कि लम्बी कतारे लगती थीं।

इस मामले को लेकर अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति के अध्यक्ष डॉ. दिनेश मिश्र ने महासमुंद कलेक्टर को पत्र लिखकर शिकायत कि थी, इसके बाद प्रशासन हरकत में आया और बाबा का दरबार बंद करवाया। हालांकि बाबा पीतांबर जगत का कहना है कि 15 साल कि उम्र से जड़ी बूटी और झाड़ – फूंक से इलाज कर रहे हैं।  लोग अपनी श्रद्धा से आते हैं और अपना इलाज करवाते हैं। पिछले नवरात्रि यानी 3-4 महीने से माता रानी के आशीर्वाद से निःसंतान दम्पतियों कों संतान प्राप्ति के लिए मंदार फूल और नींबू देकर आशीर्वाद देता हूँ। कुछ महीने इंतजार कीजिये फिर रिजल्ट भी दिखेगा, लोग अपनी श्रद्धा अनुसार चढ़ावा देते थे। प्रशासन के आदेश के बाद अभी दरबार नहीं लग रहा है।




author

पल्लवी मंडावी

पल्लवी मंडावी पत्रकारिता (जर्नलिज्म) में स्नातक हैं और उन्हें मीडिया के क्षेत्र में 7 वर्षों का लंबा और गहन जमीनी अनुभव है। एक प्रखर स्वतंत्र लेखिका (Independent Writer) के रूप में विभिन्न प्रतिष्ठित मंचों में उनके लेख प्रकाशित होते रहते हैं। पल्लवी सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर बेहद बेबाकी से लिखती हैं और अपनी धारदार लेखनी के माध्यम से जनसरोकार की आवाज़ को प्रमुखता से सबके समक्ष रखती हैं।
अन्य सम्बंधित खबरें