1200 साल पुराने सिद्धेश्वर मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, सावन के तीसरे सोमवार हजारों भक्तों ने किया जलाभिषेक
बलौदा बाजार : जिले के पलारी स्थित करीब 1200 वर्ष पुराने प्राचीन सिद्धेश्वर मंदिर में सावन के तीसरे सोमवार को आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। सुबह से ही भगवान भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए मंदिर में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। दूर-दराज से कांवड़ लेकर पहुंचे भक्तों ने भगवान सिद्धेश्वर का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि की कामना की।
सावन के तीसरे सोमवार को मंदिर परिसर में आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिला। बड़ी संख्या में बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग और कांवड़िए भगवान भोलेनाथ के दर्शन के लिए पहुंचे। दिनभर मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना के साथ हर-हर महादेव के जयकारे गूंजते रहे। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के चलते मंदिर और आसपास का इलाका मेले जैसा नजर आया।
शाम को सिद्धेश्वर युवा मंच की ओर से भव्य महाआरती का आयोजन किया गया। महाआरती में हजारों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। इस दौरान विधायक संदीप साहू, नगर पंचायत अध्यक्ष गोपी साहू समेत बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और भक्त मौजूद रहे।
महाआरती से पहले बालसमुंद तट पर मां गंगा की आरती की गई। ढोल-नगाड़ों की गूंज, हाथों में मशाल और आरती की थाल लिए श्रद्धालुओं का दृश्य बेहद भव्य और आध्यात्मिक नजर आया।
इसके बाद बालसमुंद तट पर भगवान महाकाल की प्रतिमा स्थापित कर विधिवत पूजा-अर्चना और जलाभिषेक किया गया। मंत्रोच्चार और हर-हर महादेव के जयघोष के बीच भव्य महाआरती संपन्न हुई।
महाआरती के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण किया गया। वहीं देर रात तक भजन संध्या और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन चलता रहा। सावन के तीसरे सोमवार पर सिद्धेश्वर मंदिर और बालसमुंद तट पर आस्था और भक्ति का यह नजारा लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा।