news-details

दुर्ग में 10वीं के छात्र के अपहरण का सनसनीखेज खुलासा, हनीट्रैप के जरिए रची गई 1 करोड़ की साजिश

छत्तीसगढ़ : के दुर्ग जिले से एक बेहद गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां 10वीं कक्षा के 15 वर्षीय छात्र का पहले हनीट्रैप में फंसाकर अपहरण कर लिया गया। आरोपियों ने सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम के जरिए छात्र से दोस्ती की और उसे मिलने के लिए बुलाया, जिसके बाद पूरी वारदात को अंजाम दिया गया।

मिलने बुलाकर किया अपहरण, फिर मांगी 1 करोड़ की फिरौती

जानकारी के अनुसार, छात्र को तिरंगा चौक अमलेश्वर इलाके में मिलने के लिए बुलाया गया था। इसके बाद पांच लोगों ने मिलकर उसका अपहरण कर लिया।

अपहरण के बाद आरोपियों ने छात्र के पिता को फोन कर 1 करोड़ रुपये की फिरौती की मांग की। साथ ही धमकी दी गई कि पैसे नहीं देने पर छात्र की जान ले ली जाएगी।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई, 2 घंटे में खुला मामला

घबराए पिता ने तुरंत इसकी सूचना दुर्ग पुलिस को दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी विजय अग्रवाल ने तत्काल एएसपी मणिशंकर चंद्रा को जांच के निर्देश दिए।

इसके बाद अमलेश्वर थाना, साइबर सेल और एसीसीयू की संयुक्त टीम गठित की गई और जांच शुरू हुई।

लोकेशन ट्रेस कर धमतरी में दबोचे गए आरोपी

पुलिस ने मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल के आधार पर आरोपियों का सुराग लगाया, जो धमतरी क्षेत्र में मिला। इसके बाद दुर्ग और धमतरी पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए सभी पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

साथ ही अपहृत छात्र को सुरक्षित बरामद कर लिया गया।

रिश्तेदार निकला मास्टरमाइंड, हनीट्रैप से बनाई योजना

पूछताछ में सामने आया कि इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड संजय साहू है, जो पीड़ित परिवार का रिश्तेदार यानी भांजा बताया गया है।

आरोपी को यह जानकारी थी कि परिवार आर्थिक रूप से सक्षम है, इसी लालच में उसने अपने साथी के साथ मिलकर अपहरण और फिरौती की योजना बनाई।

महिला साथी के साथ मिलकर रची गई पूरी साजिश

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने अपनी महिला मित्र हेम पुष्पा साहू के साथ मिलकर हनीट्रैप का जाल बिछाया। छात्र को सोशल मीडिया पर फंसाकर पहले संपर्क बनाया गया और फिर उसे मिलने बुलाकर अपहरण किया गया।


पांच आरोपी गिरफ्तार, कई सबूत बरामद

इस मामले में पुलिस ने कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक युवती और परिवार का रिश्तेदार शामिल है।

गिरफ्तार आरोपियों के नाम इस प्रकार हैं:

शैलेंद्र लहरे (रायपुर)

कृष्णा साहू उर्फ करण (मास्टरमाइंड)

रविंद्र लहरे (रायपुर)

संजय साहू (अमलेश्वर)

हेम पुष्पा साहू

पुलिस ने आरोपियों के पास से एक सेंट्रो कार और छह मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं।

BNS की गंभीर धाराओं में मामला दर्ज

पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 137(2), 140(3), 351(3) और 61 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। सभी आरोपियों ने पूछताछ में अपना अपराध स्वीकार कर लिया है।

पुलिस की सतर्कता से टली बड़ी वारदात

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यदि समय पर कार्रवाई नहीं होती तो मामला और गंभीर रूप ले सकता था। त्वरित जांच और समन्वित कार्रवाई के चलते छात्र को सुरक्षित बचा लिया गया और एक बड़ी फिरौती साजिश को नाकाम कर दिया गया।




अन्य सम्बंधित खबरें