यात्रा की शुरुआत किल्लापारा स्थित कुवांरी पाठ मंदिर से हुई। पारंपरिक गीतों और बाजे-गाजे के साथ निकली यात्रा इतवारी बाजार होते हुए धरमपुरा स्थित पिपरिया नदी पहुंची।
एक-एक दिन की मिली प्रभारी प्राचार्य की जिम्मेदारी, आदेश सामने आते ही शिक्षा विभाग में मचा हड़कंप; DEO बोले- प्राचार्य के रहते किसी अन्य को नहीं बनाया जा सकता प्रभारी