बसना के युवक का मेरिट सूची में नाम, प्रदेश में हासिल किया 8वां स्थान
पं.
रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर द्वारा घोषित बी.एस.सी. अंतिम वर्ष (वार्षिक परीक्षा मार्च-अप्रैल 2025) की मेरिट सूची में महासमुंद जिले के बसना क्षेत्र के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि सामने आई है। पंडित स्व.जयदेव सतपथी शासकीय महाविद्यालय, बसना के प्रतिभाशाली छात्र मणीशंकर साव ने प्रदेश की मेरिट सूची में आठवां स्थान प्राप्त कर महाविद्यालय बसना, नगर एवं पूरे जिले का नाम रोशन किया है। विश्वविद्यालय द्वारा जारी मेरिट सूची के अनुसार उन्होंने कुल 1800 अंकों में से 1392 अंक अर्जित किए हैं।
मणीशंकर साव बचपन से ही मेधावी छात्र रहे हैं। उन्होंने बसना विकासखंड के अपने गृह ग्राम देवरी (पिलवापाली) में कक्षा पहली से दसवीं तक की शिक्षा शासकीय विद्यालय से प्राप्त की। हाईस्कूल बोर्ड परीक्षा में उन्होंने 92.33 प्रतिशत अंक हासिल कर पूरे संकुल में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके बाद समीपस्थ ग्रामीण उच्चतर माध्यमिक विद्यालय तोषगांव से हायर सेकेंडरी की परीक्षा 80 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण कर क्षेत्र में टॉपर रहे। उच्च शिक्षा के लिए उन्होंने पंडित स्व. जयदेव सतपथी शासकीय महाविद्यालय, बसना में प्रवेश लिया, जहां आरती साव, गीतिका प्रधान एवं रोशनी गुप्ता के मार्गदर्शन में अध्ययन करते हुए यह उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की तथा 2024-2 5में स्टूडेट ऑफ द ईयर का खिताब से नवाजा गया।
बसना महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ.एस. के. साव ने बताया कि मणीशंकर हमारे महाविद्यालय के अत्यंत होनहार एवं मेहनती छात्र हैं। उन्होंने कहा कि बीएससी प्रथम वर्ष में अपेक्षाकृत कुछ कम अंक प्राप्त हुए थे, क्योंकि प्रारंभिक वर्ष में विद्यार्थियों को विश्वविद्यालयीन अध्ययन पद्धति को समझने में समय लगता है। इसके बाद मणीशंकर ने द्वितीय वर्ष और अंतिम वर्ष में लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए। पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय की प्रदेश स्तरीय मेरिट सूची में आठवां स्थान प्राप्त किया। डॉ.साव ने कहा कि यदि प्रथम वर्ष में भी कुछ और अंक मिल जाते तो उनके विश्वविद्यालय में प्रथम अथवा द्वितीय स्थान प्राप्त करने की पूरी संभावना थी। उन्होंने मणीशंकर को महाविद्यालय का गौरव बताते हुए कहा कि उनकी सफलता अन्य विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी।
अपनी सफलता का श्रेय मणीशंकर साव ने माता पिता उर्मिला साव-सतीश साव,मामा केशव कुमार साव,गुरुजनों एवं महाविद्यालय के सभी प्राध्यापकों,प्राचार्य डॉ.एस.के.साव को दिया। उन्होंने कहा कि नियमित अध्ययन,समय का सदुपयोग और लक्ष्य के प्रति समर्पण ही सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है। इस उपलब्धि पर महाविद्यालय परिवार, विद्यार्थियों, शिक्षकों, क्षेत्र के प्रबुद्ध नागरिकों एवं सामाजिक संगठनों ने प्रसन्नता व्यक्त किया है।