खैरागढ़: 'मोर गांव-मोर पानी' महाअभियान से जल संरक्षण को मिली नई रफ्तार, 63 हजार से अधिक संरचनाओं का निर्माण
खैरागढ़ : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में संचालित "मोर गांव-मोर पानी" महाअभियान खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में जल संरक्षण की दिशा में उल्लेखनीय परिणाम दे रहा है। विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) के तहत जिले की 221 ग्राम पंचायतों में अब तक 1,952 कार्य स्वीकृत किए गए हैं।
अभियान के तहत 63,783 से अधिक जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण किया गया है, जिनमें 61,935 कंटूर ट्रेंच शामिल हैं। इससे 17.97 लाख घनमीटर जल संचयन क्षमता विकसित हुई है। साथ ही 31.63 लाख मानव दिवस का सृजन हुआ और 48,299 ग्रामीण परिवारों को रोजगार मिला।
योजना के तहत 704 तालाबों का जीर्णोद्धार, 95 नए सामुदायिक तालाब, 411 आजीविका डबरी, 215 सिंचाई कुएं, 81 बोर रिचार्ज संरचनाएं, 64 नाला उपचार कार्य और 30 गैबियन चेकडैम सहित कई जल संरक्षण कार्य किए गए हैं।
कलेक्टर इन्द्रजीत सिंह चन्द्रवाल के निर्देशन में कार्यों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। हालिया बारिश के बाद इन संरचनाओं में जलभराव शुरू हो गया है, जिससे भू-जल पुनर्भरण, सिंचाई और पेयजल उपलब्धता में दीर्घकालिक सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।