केरल में बारिश ने मचाई तबाही, अब तक हुई 27 की मौत, कई लापता
कोट्टायम जिले के कूट्टीकल इलाके में भारी बारिश से पहाड़ पर भूस्खलन हुआ जिससे पहाड़ दो हिस्सों में बंट गया और बीच में नदी बन गई। केरल में लगातार हो रही बारिश से हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। यहां बाढ़ और भूस्खलन से अब तक कुल 27 लोगों की जान गई है, जबकि 8 लापता हैं।
केरल सरकार ने भारी बारिश की वजह से कई बांधों में जल स्तर बढ़ने के मद्देनजर सोमवार को एक ‘अलर्ट’ जारी किया कि कुछ बांधों के द्वार खोले जाएंगे, जिसके परिणामस्वरूप दक्षिण तथा मध्य केरल में नदियों का जल स्तर बढ़ सकता है। इडुक्की जलाशय में जल स्तर सोमवार को 2,396.96 फुट तक बढ़ गया और ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया है, जबकि इडुक्की बांध की पूर्ण क्षमता 2,403 फुट है। शोलेयार, पम्बा, कक्की और इदमलयार सहित विभिन्न बांधों में जल स्तर बढ़ रहा है। इसके मद्देनजर राज्य सरकार ने एक बैठक बुलाई है, जिसकी अध्यक्षता मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन करेंगे। राज्य की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने बताया कि पम्बा बांध के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया है और कक्की बांध के द्वारों को आज दोपहर से पहले खोला जाएगा। कक्की बांध, पतनमतिट्टा जिले के अधीन आता है और वीणा जॉर्ज इसी जिले की प्रभारी हैं।अचनकोविल नदी के किनारे पन्दलम के पास चेरिकल, पूझिकाडु, मुदियूरकोणम और कुरमबाला क्षेत्रों के निचले इलाकों में बाढ़ आई है। अचनकोविल में जल स्तर बढ़ रहा है और आरणमुला, किदंगन्नूर तथा ओमल्लूर के तटीय इलाकों में भी ‘अलर्ट’ जारी किया गया है। लोगों को पतनमतिट्टा जिले में बने विभिन्न राहत शिविरों में पहुंचाया गया है। इस बीच, राज्य सरकार ने राहत एवं बचाव कार्यों में समन्वय के लिए एडीजीपी विजय सखारे को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। त्रिशूर की जिला कलेक्टर हरिथा वी कुमार ने चालक्कुडी नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने को कहा है, क्योंकि शोलेयार बांध के द्वारों को जल्द ही खोला जा सकता है, जिससे नदी का जल स्तर बढ़ सकता है।