तुमगाँव : मछली पालन की बात को लेकर दो पक्षों में मारपीट.
तुमगाँव थाना अंतर्गत ग्राम पीढी में जलाशय मे मछली पालन की बात को लेकर दो पक्षों में मारपीट हो गई. जिसके बाद दोनों ने पुलिस में मामला दर्ज करवाया है.
मन्नू लाल निषाद ने पुलिस को बताया कि गांव के बरदेव मत्सय सहकारी समिति का वर्तमान में अध्यक्ष है, इसके पूर्व गांव के थानसिंग निषाद अध्यक्ष था, वर्तमान में बरदेव मत्सय सहकारी समिति का अध्यक्ष है. जिसके कारण थानसिंग निषाद रंजिश रखता है 02 जनवरी 2022 के करीबन सुबह 10.30 बजे थानसिंग निषाद एवं उसका भाई रेखलाल निषाद द्वारा आपस में वाद विवाद हो रहे थे उसी समय वह अपने ट्रेक्ट्रर में धान लेकर घर जा रहा था तो उसे देखकर थानसिंग द्वारा मछली का कमीशन खा रहा है कहकर उसे मां बहन की गंदी गंदी गाली देने लगा तथा उसी समय उसका पुत्र रिकेश निषाद द्वारा आकर दोनो एक राय रिकेश द्वारा उसे पकड लिया तथा थानसिंग द्वारा अपने हांथ में रखे डण्डा से मारपीट किया मारपीट करने से उसके दाहिने हांथ की नाड़ी, बांए गर्दन, पीठ, बांए हांथ में चोंट लगा है। घटना को लखन यादव, चिन्ता देवदास, दौलत निषाद देखे व सुने हैं। मामले की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध अपराध धारा 294-IPC, 323-IPC, 34-IPC, 506-IPCपंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है.
जबकि थानसिंग निषाद ने पुलिस को बताया कि करीबन 40-45 वर्ष पूर्व से वह गांव के सरार तालाब के मत्सय विभाग बरदेव मत्सय पालन सरकारी समिति मर्यादित पीढी समिति द्वारा पीढी जलाशय को 10 साल एगरीमेंट में खरीदा था जो अभी भी उसके नाम पर एगरीमेंट है। करीबन ढाई वर्ष से गांव के समिति के सदस्यों के द्वारा चुनाव कर गांव के मन्नू निषाद को विभाग को अध्यक्ष बना दिया गया है। उसके बिना अनुमति के गांव के सहयोग से अपना संचालित कर रहें हैं 02 जनवरी 2022 के 10.30 बजे वह और उसका छोटा भाई रेखलाल निषाद के साथ घर के पास चौरा में आपसी विवाद हो रहे थे उसी समय गांव के मन्नू निषाद आया और उसे गाली क्यों दे रहा है कहकर गंदी गंदी मां बहन की गाली देते हुए हांथ में रखे डण्डा से उसके सिर में मारकर, जान से मारने की धमकी देते हुए चोंट पहुंचाया तथा उसके पुत्र रिकेश कुमार को भी हाथ थप्पड से मारपीट किया है। डण्डा से मारपीट करने से उसके सिर से खुन बहने लगा घटना को गांव के दौलत निषाद, चिन्ता देवदास, केंवरा बाई तथा लखन देखे व सुने हैं। मामले की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध अपराध धारा 294-IPC, 323-IPC, 506-IPC पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है.