बसना : मकान नंबर लिखने के नाम पर लिया जा रहा 40 रुपये, जनपद सीईओ ने कहा राशि ऐच्छिक है.
बसना जनपद अंतर्गत कई ग्राम पंचायतों में इन दिनों घर पर एनजीओ द्वारा घर में मकान नंबर लिखने के नाम पर 40 रूपया लिया जा रहा है. जिन्हें जनपद पंचायत बसना द्वारा अनुमति दिया गया है.
गाँव में घूम-घूमकर मकान नंबर लिखने वाले अन्य राज्यों के हैं, जो पंचायत में जाकर सरपंच सचिव को अपनी अनुमति दिखाते हैं और मकान नंबर लिखने के नाम पर 40 रुपये की राशि प्रत्येक घर राशनकार्ड धारियों से लिया जा रहा है.
इस राशि के लिए जाने के विरोध कई ग्रामीण करते हैं. परंतु जानकारी के आभाव में उन्हें मजबूरन 40 रुपये देना पड़ता है. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार ये ग्रामीणों को घर का नंबर ना होने पर किसी भी शासकीय योजना का लाभ नहीं मिलने की बात करते हैं.
आपको बता दे कि बसना जनपद में कुल ग्राम पंचायतों की संख्या 101 है. प्रत्येक पंचायत में 400 घर तक होते हैं. इसी तरह यदि प्रत्येक घर से 40 रूपया लिया जाए तो एक जनपद से करीब 15 से 16 लाख रुपये तक की वसूली की जा सकती है. जबकि जिले में कुल 545 हैं.
बिजराभांटा के सरपंच ने बताया कि जो मकान नंबर लिखने आये थे उनके पास जनपद से आदेश था जिसे उनके पास छोड़ा गया है. आदेश के अनुसार ही ग्रामीणों से 40 रुपये की राशि ली गई है.
बसना जनपद सीईओ सनत महादेव ने बताया कि 40 रुपये की राशि एच्छिक है, इसे देने के लिए कोई बाध्य नहीं है.
वहीं भंवरपुर बीजेपी मंडल अध्यक्ष विद्या चरण चौधरी का कहना है कि दबाव पूर्वक शासकीय योजना का लाभ नहीं मिलने की बात कहकर ग्रामीणों को गुमराह करके उनसे जबरन 40 रुपये लेना गलत है.