महासमुंद: कलेक्टर ने डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण करने के दिए निर्देश
बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत एस. आलोक, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एस.आर. बंजारे, एडीएम ओ.पी. कोसरिया, प्रभारी अपर कलेक्टर डॉ. नेहा कपूर, एसडीएम भागवत जायसवाल, जिले के सभी नगर पालिका अधिकारी, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मोहम्मद जहांगीर तिगाला उपस्थित थे।
बैठक में सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मोहम्मद जहांगीर तिगाला ने एनजीटी एक्ट के सभी नियमों के पालन करते हुए वार्षिक बैठक माह अप्रैल में करने की बात कही। इसके अलावा अब तक की गई गतिविधियों की रिपोर्ट भी देने की बात कही। नगरपालिका अधिकारी आशीष तिवारी ने बताया कि प्लास्टिक वेस्ट को सीमेंट प्लांट को दिया जाता है। बाकि बचे मटेरियल स्व सहायता समूह द्वारा विक्रय कर राशि उनके खातें में डाला जाता है।
कलेक्टर क्षीरसागर ने कहा कि शहर को गंदा करने वालो के खिलाफ जुर्माना की कार्यवाही की जाए। नगरीय निकाय के नजदीकी स्थानों पर कचरा लाने के लिए एवं क्षेत्र में पूर्व में पड़े कचरे को भी उठाकर डम्पिंग यार्ड तक निस्तारण के लिए लेने की बात कही। साथ ही उन्होंने स्वच्छता अभियान के तहत जिले में सभी स्कूलों में स्वच्छता के बारे में जानकारी देने और शहरों को गंदा करने वाले व्यक्तियों से भी जुर्माना वसूल कर उसकी सूचना भिजवाने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने ग्राम पंचायतों में सॉलिड वेस्ट के निस्तारण के संबंध में आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए।