सरायपाली-बसना : फोर्सेज (forsage) क्रिप्टोकरंसी में निवेश कर लोग कर रहे कमाई, क्या यह हो सकता है जोखिम भरा ?
इस समय क्रिप्टोकरंसी में निवेश करने को लेकर कई लोग उत्साहित नजर आ रहे हैं. क्रिप्टोकरंसी में निवेश करने पर लोगों को तेजी से लाभ मिल रहा है. जहाँ अब सरायपाली बसना क्षेत्र के कई लोग अपना पैसा लगा रहे हैं. तो इससे जुड़े लोग कभी डिप्टी कलेक्टर से मिल रहे हैं, तो कभी पुलिस विभाग के SP को भी इससे जुड़े जाने की बात कह रहे हैं.
हांलाकि वह डिप्टी कलेक्टर या SP कौन होता है यह किसी को पता नहीं होता लेकिन इससे इनका एक अच्छा विज्ञापन हो जाता है. और कई लोग ऐसे चर्चित पद को देखकर आकर्षित होकर जुड़ जाते हैं.
ऐसे ही विगत दिनों सोशल मिडिया में एक विडियो वायरल हुआ जिसमे पुलिस विभाग के SP गायकवाड़ को इससे जुड़ने की बात कही जा रही थी. लेकिन जब SP गायकवाड़ के बारें में पता लगाया गया तो ऐसा विडियो पोस्ट करने वाले ने बताया कि S.P. उक्त व्यक्ति का शोर्ट नेम है. हांलाकि डिप्टी कलेक्टर को शोर्ट नेम ना बताकर टीम के किसी सदस्य से मिलने की बात कही गई. जानकारी के अनुसार कई शासकीय अधिकारी-कर्मचारी इससे जुड़े हुए हैं.

क्रिप्टोकरंसी में सबसे प्रचलित नाम आता है बिटकॉइन का जिसकी कीमत आज 35 लाख रुपये हैं. 8 नवंबर 2021 यह अपने अपने अधिकतम मूल्य 49 लाख रुपये का था. अगर आप 8 नवंबर 2021 को 1 बिटकॉइन खरीदते तो तब आपको 49 लाख रूपये देने पड़ते और आज इसकी कीमत घटकर 35 लाख रुपये हैं. 1 बिटकॉइन खरीदने के लिए आपको 35 लाख देना होगा. बताया जाता है कई वर्ष पूर्व एक व्यक्ति ने 10 हजार बिटकॉइन देकर दो पिज्जा आर्डर किया था.
बिटकॉइन एक डिजिटल क्रिप्टोकरंसी है जिसका प्रयोग चीजों को खरीदने बेचने के लिए इस्तेमाल किया जाने लगा है. क्रिप्टोकरंसी बेचने, खरीदने के लिए Unocoin, zebpay जैसी कई कंपनी मौजूद है. जहाँ क्रिप्टो एक्सचेंज कर रुपये में भी कन्वर्ट किया जा सकता है. साथ ही क्रिप्टोकरेंसी वॉलेट मौजूद रहती है.
क्रिप्टोकरेंसी को डिसेंट्रलाइज्ड बताया जाता है. यह एक ऐसा सिस्टम है जिसका नियंत्रण किसी भी एक इंसान या फिर किसी एक कंपनी के पास नहीं होता और ना ही सरकार के पास होता है. इसका रिकॉर्ड डेटाबेस ब्लॉक्स के जरिये स्टोर होते हैं. हर एक डेटाबेस उस सिस्टम में मौजूद हर एक यूजर के पास शेयर होता है. या कहें एक नेटवर्क अथवा इंटरनेट में एक डिवाइस से दुसरे डिवाइस में घूमता रहता है. इसे Peer-to-peer (P2P) नेटवर्क भी कहते हैं. इसका मतलब यह है कि एक बार नेटवर्क बनने के बाद दो यूजर (कंप्यूटर, मोबाइल में इन्टरनेट की सहायता से) बिना किसी सर्वर के आसानी से अपनी फ़ाइलों को साझा और डाउनलोड कर सकते हैं. इसमें जितने अधिक यूजर जुड़ते जाते हैं यह नेटवर्क उतना ही मजबूत होता चला जाता है.
आज एक बिटकॉइन की कीमत 35 लाख रुपये हैं. लेकिन, हम इस बिटकॉइन से आस-पास मौजूद क्या खरीद सकते हैं ? तो इसका जवाब है कुछ भी नहीं. इससे आप तभी कुछ खरीद सकते हैं जब सामने वाला इसे लेने में सहमती जताए. इसे देश में कोई भी मान्यता प्राप्त नहीं है. इससे आप कुछ भी खरीदने के लिए बाध्य नहीं है. क्योकि यह एक डिसेंट्रलाइज्ड सिस्टम इस लिए देने और लेने वाला इसकी कीमत तय करता है कि वह आपको क्रिप्टोकरेंसी के बदले आपको क्या देना चाहता है.
फिलहाल देश में डिजिटल क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन से आप कुछ भी नहीं खरीद सकते ना ही उसे छू सकते हैं. फिर भी इसकी कीमत बढ़ रही है तो लोग इसमें पैसा लगा रहे हैं. आगे क्या होगा ये जो डिजिटल कॉइन ख़रीदे जा रहे हैं इसका उपयोग किसलिए किया जायेगा यह बहोत ही कम लोगों को पता है.
हो सकता रातों रात इसका मूल्य शून्य हो जाये, तब भी कुछ नहीं किया जा सकता क्योकि यह सरकार के नियंत्रण में नहीं आता है. यह एक निवेश है और यह जोखिमों से भरा हो सकता है.
इंटरनेट की दुनिया में आप 400 से अधिक प्रकार के क्रिप्टोकरेंसी कॉइन खरीद सकते हैं जिनकी अलग-अलग कीमत है. यहाँ तक कि आप भी अपनी खुद की डिजिटल क्रिप्टोकरेंसी ला सकते हैं. और उसे डिसेंट्रलाइज्ड कर ब्लाकचेन सिस्टम के माध्यम से लोगों को निवेश करवा सकते हैं. जहाँ लोग निवेश करने के बाद लॉग इन कर अपनी कॉइन देख सकेंगे.
इस समय सरायपाली-बसना क्षेत्र में फोर्सेज नामक डिसेंट्रलाइज्ड ब्लाकचेन सिस्टम के माध्यम से लोगों को जोड़ा जा रहा है. भविष्य की करंसी मान कई लोग इसमें जुड़ते चले जा रहे हैं. इस फोर्सेज के माध्यम उसमे स्लॉट खरीदने हेतु डिजिटल क्रिप्टोकरेंसी का उपयोग किया जा रहा है. और डिसेंट्रलाइज्ड ब्लाकचेन सिस्टम बताकर लोगों को जोड़ा जा रहा है.
क्षेत्र में इससे जुड़े लोगों का दावा है कि कई लोगों ने 40 दिन में घर खरीद ली किसी ने कार खरीद लिया किसी ने लाखों कमा लिए. हलाकि ऐसे कमाने वाले ज्यादा दिखाई तो नहीं देते.
वहीं फोर्सेज के इस पुरे सिस्टम को समझने के लिए जब एक स्थानीय व्यक्ति और जाने माने पत्रकार से चर्चा की गई और पूछा गया कि इस निवेश से जुड़ने के लिए कितना रुपये खर्च करना होगा जिसपर उन्होंने बताया कि 1200 रुपये में आपको कुछ क्रिप्टोकरंसी खरीदनी होती है. जिससे आपको इसमें ऑनलाइन दो स्लॉट मिलते हैं. एक बार अगर आप 1200 में क्रिप्टोकरंसी खरीदकर स्लॉट लेते हैं तो आप उसे बेच नही सकते. लेकिन यदि आप अपने से नीचे एक व्यक्ति को इस ब्लाक चेन के माध्यम से जोड़ते हैं. तो उसका लगाया हुआ 50% पैसा आपके पते पर क्रिप्टोकरंसी के माध्यम से आ जाता है. बाकि आपके ऊपर में चेन के माध्यम से जुड़े व्यक्ति को जाता है. इसी तरह दुसरे व्यक्ति को जोड़ने पर भी होता है.

Alexa वेबसाइट रैंकिंग करने वाली कंपनी के अनुसार फिलहाल इस वेबसाईट पर 5 से 6 लाख यूजर प्रतिमाह आ रहे हैं. जिसमे सबसे अधिक यूजर भारत देश से हैं. टोटल यूजर के 36 प्रतिशत भारत देश के ही हैं. इसके बाद 8 प्रतिशत US और 8 प्रतिशत पाकिस्तान से.