सरायपाली: मवेशी बाजार ठेका को लेकर ठेकेदारों द्वारा की जा रही शिकायत पर नगरपालिका सभापति हरदीप सिंह रैना ने दी प्रतिक्रिया
हेमंत वैष्णव, सरायपाली: नगर
पालिका सरायपाली में मवेशी बाजार ठेका को लेकर कुछ ठेकेदारों द्वारा की जा रही
शिकायत पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए नगर पालिका सभापति हरदीप सिंह रैना ने बताया
इस वर्ष मवेशी बाजार ठेका की नीलामी में अधिकतम बोलो इकत्तीस लाख तीस हजार 3130000
रुपए लगाने वाले ठेकेदार इस्तियाक मेमन दी गई है मवेशी बाजार ठेका हेतु नियत समय
पर तीन ठेकेदार द्वारा बोली लगाने हेतु अमानत राशि जमा की गई थी और राशि जमा करने
के समय समाप्ति के पश्चात उन्ही तीन ठेकेदारों द्वारा बोली लगाई गई जिसमें अधिकतम
बोली लगाने वाले ठेकेदार इस्तियाक मेमन को ठेका दिया गया.
सभापति हरदीप सिंह रैना ने बताया कुछ ठेकेदार सरायपाली शहर से लगे गांव बिछिया में नगरपालिका शहर के समानांतर मवेशी बाजार लगा रहे हैं जिससे नगर पालिका क्षेत्र में लगने वाले मवेशी बाजार को एक साजिश की तहत विलुप्त करने का प्रयास कर रहे हैं क्योंकि जो ठेकेदार बिछिया में काम कर रहे हैं वही ठेकेदार सरायपाली नगर पालिका में पूर्व में ठेका लेकर राशि ना पटाकर ब्लैक लिस्टेड हो गए हैं और वर्तमान में ठेका हो जाने से वही लोग शिकायत कर नगरपालिका को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं.
वर्तमान में
जिन 2 मुख्य शिकायतकर्ताओं ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सराईपाली को शिकायत की है
उसमें एक अमित महापात्र पिता त्रिनाथ महापात्र वर्ष 2017-18 में अधिकतम बोली
3500000 लगाकर नगर पालिका मवेशी बाजार का ठेका प्राप्त किए थे कुल राशि 9 लाख
पटाने के बाद आगे की किस्त नहीं ना पटाने के कारण अमित महापात्र को ब्लैक लिस्टेड
किया गया इसी तरह एक दूसरे शिकायतकर्ता ठेकेदार सुरेंद्र प्रधान उर्फ गुंडा
ठेकेदार द्वारा वर्ष 2019 20 में नगर पालिका सराईपाली मवेशी बाजार ठेका हेतु
5000000 की अधिकतम बोली लगाकर ठेका प्राप्त किया गया तथा अनुबंधित राशि जमा न करने
के कारण अमानत राशि ढाई लाख रुपए तथा सॉल्वेंसी के अभाव में जमा राशि डेढ़ लाख
रुपए राजसात करते हुए ठेकेदार को ब्लैक लिस्टेड किया गया.
सभापति रैना ने बताया कि उक्त ब्लैक
लिस्टेड ठेकेदारों तथा उनके पार्टनर द्वारा ही ठेका निरस्त की मांग की जा रही जिससे
उनकी मंशा साफ समझी जा सकती है सभापति रैना ने बताया कि नगर पालिका परिषद की
सामान्य सभा की बैठक 23 06 2021 के प्रस्ताव क्रमांक 3 जिसमें सभी पार्षदों की
सहमति से तय किया गया की नगर पालिका क्षेत्र में नगर पालिका की आय बढ़ाने हेतु पशु
पंजीयन ठेका 3 वर्ष के लिए दिया जाए क्योंकि बाजार 2017-18 से प्रभावित होने के
कारण 1 वर्ष का ठेका लेने हेतु कोई भी ठेकेदार तैयार नहीं हो रहा था.