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महासमुंद : कलेक्टर की अध्यक्षता में ‘‘राईट ऑफ वे’’ अधिकार के संबंध में जिला स्तरीय समिति की प्रथम बैठक सम्पन्न

कलेक्टर ने ‘‘राईट ऑफ वे’’ अधिकार के संबंध में प्राप्त आवेदनों को समिति द्वारा समीक्षा कर निराकरण करने के निर्देश दिए

महासमुंद : राज्य में दूरसंचार नेटवर्क विस्तार के लिए मोबाईल टॉवर की स्थापना एवं राईट ऑफ वे की अनुमति शीघ्र प्रदान करने के लिए शासन द्वारा प्रदेश में दूरसंचार अवसंरचना के विकास के लिए तारमार्ग के अधिकार (‘‘राईट ऑफ वे‘‘) की नीति 12 मार्च 2021 को अधिसूचित की गई है। इसके क्रियान्वयन के लिए जिले में कलेक्टर की अध्यक्षता में 13 अक्टूबर 2021 को जिला स्तरीय समिति का गठन किया गया था।

इस संबंध में जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आज जिला स्तरीय समिति की प्रथम बैठक रखी गई थी। जिला स्तरीय समिति के अध्यक्ष एवं कलेक्टर निलेशकुमार क्षीरसागर ने संबंधित अधिकारी को ऑनलाइन पोर्टल का प्रतिदिन अवलोकन करने और प्राप्त आवेदन की रिपोर्ट नोडल अधिकारी को देने कहा। उन्होंने आवेदन प्राप्त होने पर समिति के द्वारा समीक्षा कर समय-सीमा में नियमानुसार निराकरण करने के निर्देश दिए। इस दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एस. आलोक सहित सभी जिला कार्यालय प्रमुख तथा अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं अन्य विकासखंड के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से जुड़े थे।

ई-जिला प्रबंधक भूपेन्द्र अम्बिलकर ने महासमुन्द के द्वारा छत्तीसगढ़ राजपत्र दिनांक 19 मार्च 2021 में प्रकाशित अधिसूचना द्वारा ‘‘छत्तीसगढ़ राज्य में दूरसंचार अवसंरचना के विकास के लिए तार मार्ग के अधिकार ‘‘राइट ऑफ वे‘‘ की नीति 2021 की जानकारी दी। उन्होंने इस परियोजना के उद्देश्य के बारे में बताते हुए कहा कि यह ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों, दूरस्थ, पहाड़ी स्थलों पर निर्बाध गति का इंटरनेट प्रदान करने के लिए आधुनिक दूरसंचार अवसंरचना की स्थापना की प्रक्रिया को सुगम, सरल और विनियमित करना एवं भूमि या भवन पर दूरसंचार अवसंरचना स्थापना के लिए अनुमति प्रदान करना है। इस परियोजना में इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के माध्यम से ऑनलाईन अग्रेषित आवेदनों की समीक्षा कर जिला स्तरीय समिति संशोधन, स्वीकृत अथवा अस्वीकृत कर सकेगा।
परियोजना के क्रियान्वयन के लिए राजपत्र में प्रकाशित नियमानुसार जिला स्तरीय समिति के गठन, सदस्यों की जानकारी दी गई। जिसमें भू-अभिलेख शाखा के प्रभारी अधिकारी को नोडल अधिकारी एवं ई सूचना प्रौद्योगिकी अधिकारी को सदस्य सचिव नामांकित किया गया है। उन्होंने जिला स्तरीय समिति को प्राप्त आवेदनों की समीक्षा के मापदण्ड तथा जिला स्तरीय समिति के दायित्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

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