सिंघोड़ा : बड़ा खुलासा, पैसा वापस करो कहकर किये प्रताड़ित इसलिए दे दी जान, 2 के खिलाफ मामला दर्ज
17 फरवरी 2020 को एक व्यक्ति सागरपाली नर्सरी के नाला मे जहर सेवन करने के बाद बेहोश अवस्था में मिला था, जिसे परिजनों ने उपचार के लिए अम्बिका अस्पताल सागरपाली में भर्ती कराये. जहाँ इलाज के दौरान 18 फरवरी 2020 को उसकी मौत हो गयी. व्यक्ति ने जहर सेवन क्यों किया इसका उस समय पता नहीं चल पाया था. लेकिन अब इस मामले का खुलाशा हो गया है. पुलिस ने 2 लोगों के खिलाफ 306-IPC, 34-IPC के तहत अपराध कायम कर लिया है.
ग्राम खरखरी निवासी मृतक मेघनाथ बारीक पिता गजपति बारीक उम्र 35 साल 17 फरवरी 2020 को सागरपाली नर्सरी के पास नाला में जहर सेवन करने के बाद बेहोश अवस्था में पड़ा था, जिसे परिजनो के द्वारा उपचार के लिए अम्बिका अस्पताल सागरपाली में भर्ती कराया गया, जहाँ उपचार के दौरान मेघनाथ बारीक की 18 फरवरी 2020 को मौत हो गयी. सूचक की रिपोर्ट पर मर्ग सदर कायम कर जांच मे लिया गया.
जप्त सुसाइड नोट एवं अन्य दस्तावेजो को विवादास्पद प्रलेख पुलिस मुख्यालय रायपुर भेजकर परीक्षण बाद रिपोर्ट प्राप्त किया गया
जांच के दौरान शव का पंचनामा कर पीएम कराया गया एवं पीएम रिपोर्ट प्राप्त किया गया एवं जप्ती जहर की शीशी एवं व्हीसरा को परीक्षण हेतु एफएसएल रायपुर भेजकर रिपोर्ट प्राप्त किया गया.
जप्त सुसाइड नोट एवं अन्य दस्तावेजो को विवादास्पद प्रलेख पुलिस मुख्यालय रायपुर भेजकर परीक्षण बाद रिपोर्ट प्राप्त किया गया. पुलिस ने जांच के दौरान घटनास्थल का निरीक्षण किया एवं सूचक गजपति बारीक, भाई देवानंद बारीक, पत्नि निर्मला बारीक एवं अन्य गवाह श्यामलाल साहू, भूषण लाल नायक से पूछताछ कर कथन लिया गया.
उधारी का पैसा वापस करो कहकर करते थे प्रताड़ित, इसलिए जहर सेवन कर दी जान
प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतक के पिता गजपति बारीक के द्वारा गांव खरखरी के राजकुमार प्रधान ऊर्फ राजू के माध्यम से टीटू सेठ ऊर्फ गणेश अग्रवाल साकिन सरायपाली से 2 लाख रूपये उधारी में घरेलू खर्च एवं ईलाज के लिए ब्याज मे लिया गया था. टीटू सेठ ऊर्फ गणेश अग्रवाल एवं राजकुमार प्रधान के द्वारा मेघनाथ बारीक एवं उसके परिवार के सदस्यों को 2 लाख रूपये वापस करो कहकर प्रताडित एवं परेशान कर झगडा विवाद किया जा रहा था.
मिली जानकारी के मुताबिक मृतक के पिता गजपति बारीक के द्वारा टीटू सेठ ऊर्फ गणेश अग्रवाल के द्वारा दिये उधार रकम को वापस कर दिया गया. उसके बावजूद भी टीटू सेठ ऊर्फ गणेश अग्रवाल एवं राजकुमार के द्वारा पैसा वापस करो कहकर लगातार परेशान एवं प्रताडित कर रहे थे एवं पैसा नही देने पर मृतक के सेलून दुकान को बंद कराने की धमकी दे रहे थे, जिससे परेशां होकर मेघनाथ में जहर सेवन कर जान दे दी.