सरायपाली : केना में पालक - शिक्षक मेगा बैठक का आयोजन हुआ
छत्तीसगढ़ शासन स्कूल शिक्षा विभाग मंत्रालय रायपुर के जारी आदेश पत्र तथा संभागीय संयुक्त संचालक, रायपुर संभाग राकेश पाण्डेय एवं जिला शिक्षा अधिकारी मोहनराव सावंत के संयुक्त निर्देशानुसार विकास खण्ड सरायपाली के समस्त संकुलों में संकुल स्तरीय पालक-शिक्षक मेगा बैठक संपन्न हुआ।
इसके लिए पूर्व तैयारी बैठक में सहायक संचालक जाट सर, बीईओ सरायपाली प्रकाशचंद्र मांझी, बीआरसीसी सतीश स्वरूप पटेल द्वारा दिए गए मार्गदर्शन एवं सुझावों के अनुरूप नोडल प्राचार्य गण एवं संकुल स्तर के समस्त शिक्षकों ने अपनी तैयारी पूर्ण कर लिया था। प्रत्येक संकुल हेतु विकासखण्ड नोडल प्रभारियों की नियुक्ति की गयी थी।
पालक-शिक्षक के इस मेगा बैठक में आदेश पत्र के परिपालन में 12 मुद्दों पर पालकों एवं शिक्षकों के बीच सीधा संवाद कार्यक्रम नियत समय दोपहर 1 बजे से चलाया गया। शिक्षा विभाग के द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गयी। यथा - विद्यार्थी सूचकांक, नि:शुल्क पाठ्य पुस्तक वितरण, गणवेश वितरण, छात्रवृत्ति योजना, प्रधानमंत्री पोषण आहार योजना, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री द्वारा विद्यार्थियों को पौष्टिक आहार देने के लिए प्रेरित योजना के रूप में समुदाय द्वारा न्योता भोज कार्यक्रम, सायकल वितरण, जादुई पिटारा, दीक्षा एप, स्वयंप्रभा चैनल, ई - जादुई पिटारा एप, सुरक्षित शनिवार, बैगलेस-डे, बढ़ते कदम, एफ एल एन, उपचारात्मक शिक्षा, प्रयास भर्ती परीक्षा, नवोदय भर्ती परीक्षा, राष्ट्रीय साधन सह प्रावीण्य छात्रवृत्ति परीक्षा, इंस्पायर अवार्ड, व्यावसायिक शिक्षा, साप्ताहिक एवं मासिक परीक्षाओं में विद्यार्थियों की उपस्थिति के संबंध में चर्चा, कक्षा के अनुरूप विभिन्न विषयों में कौशल विकास, आय - जाति प्रमाण पत्र बनवाने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन आदि शामिल हैं।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति - 2020 के शत प्रतिशत क्रियान्वयन में प्री-प्रायमरी में विद्यार्थी के प्रवेश से लेकर उनके समग्र संवर्धन हेतु तैयार समग्र शिक्षा के मॉडल को पालकों को बताया गया। पालकों के द्वारा अपने पाल्य के अध्ययन से जुड़े समस्या और विकास के संबंध पालक-शिक्षक के मध्य सीधे संवाद से पालकगण संतुष्ट हुए।
कुछ विद्यालयों में बोर्ड परीक्षाओं में विशिष्ट उपलब्धि प्राप्त विद्यार्थियों के द्वारा पालकों के मध्य अपने पठन और तैयारी के संबंध जानकारी साझा किया गया। उनके माता-पिता के द्वारा भी अपने पाल्य के लिए बोर्ड परीक्षा की तैयारी किस प्रकार की गयी, उन्हें क्या सुविधाएं दी गयीं और उपलब्धि हेतु उनके द्वारा किए गए प्रयासों पर व्याख्यान प्राप्त हुए।
प्रतिभाशाली एवं बोर्ड परीक्षाओं में प्रावीण्य सूची में स्थान बनाने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। शिक्षाविद, डॉक्टर्स और शैक्षणिक क्षेत्र में अपने विशिष्ट पहचान रखने वाले विद्व जनों को आमंत्रित कर बैठक में संवाद करने हेतु विशेष अवसर दिया गया।
इस बैठक में राज्य एवं जिला कार्यालय द्वारा मांगी गई ऑनलाइन जानकारियों को तत्कालिक रूप से तैयार कर आंकड़े प्रेषित किए गए हैं। विकासखण्ड स्तर पर ऑफलाइन प्रपत्रों को संकलित कर उच्च कार्यालय को प्रेषित किए जाएंगे।
उल्लेखनीय है कि विभागीय आदेश के अनुसार विद्यालय स्तर पर तिमाही एवं छमाही परीक्षाओं के बाद दस दिनों के भीतर पालक-शिक्षक बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित किए जाएंगे। जिसमें विद्यार्थियों की उपलब्धियों पर समीक्षा भी किया जाएगा। इस बैठक के सफल क्रियान्वयन हेतु बीईओ प्रकाशचंद्र मांझी एवं बीआरसीसी सतीश स्वरूप पटेल ने समस्त विकासखण्ड नोडल प्रभारियों, पालकों एवं शिक्षकों को साधुवाद ज्ञापित किया है। यह जानकारी विकासखण्ड सरायपाली शिक्षा विभाग के मीडिया प्रभारी शैलेन्द्र कुमार नायक, व्याख्याता, केना ने दी।