कर्मचारियों ने साक्षरता, कौशल विकास, स्वास्थ्य और पर्यावरण से जुड़ी पहलें चलाईं, जिससे समुदायों को सशक्त बनाने और समावेशी विकास को बढ़ावा देने में मदद मिली
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य डॉ. दिवाकर नाथ वाजपेयी उपस्थित रहे। समारोह में 64 शोद्यार्थियों को शोध उपाधि, 92 गोल्ड मेडल एवं 36950 स्नातक एवं स्नातकोत्तर उपाधि दी गई।
राज्य के युवाओं को कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में अधिक से अधिक अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से राज्य शासन के द्वारा युवा उत्सव का आयोजन जिला एवं राज्य स्तर पर किया जाना है।