एपीएल राशन कार्ड के लिए आवेदन 10 अक्टूबर तक, नवीनीकरण में अपात्र लोग भी कर सकेंगे आवेदन
सरायपाली. शासन द्वारा सामान्य परिवारों एपीएल हेतु नवीन राशन कार्ड जारी करने के लिए समय सीमा तय किया गया है. जिसमें सामान्य परिवार हेतु संख्या के आधार पर राशन दिया जाएगा. एक सदस्यीय परिवार को दस किग्रा चावल प्रतिमाह, 2 सदस्यीय को 20 किग्रा तथा तीन एवं तीन से अधिक सदस्य होने पर उन्हें 35 किग्रा चावल देने की पात्रता निर्धारित की गयी है. वर्तमान में सामान्य परिवारों के लिए राशन कार्ड प्रचलन में नही है. अतरू नए सिरे से अभियान चलाकर राशन कार्ड जारी किया जाएगा.
जानकारी अनुसार एपीएल परिवारों हेतु नया राशन कार्ड के लिए आवेदन प्राप्त करने तथा राशन कार्ड जारी करने का कार्य आज 6 सितम्बर से 10 अक्टूबर तक किया जाएगा. इसके लिए आवेदन शुल्क 10 रूपये निर्धारित है. आवेदन का प्रारूप प्राप्त करने के बाद जमा करने के लिए कार्डधारी ग्राम पंचायत एवं नगरीय निकाय कार्यालय में जमा करेंगे.
नए राशन कार्ड के लिए राज्य के निवासी एवं निवास पता की पुष्टि के अलावा मुखिया एवं अन्य सदस्यों के आधार कार्ड की छाया प्रति या इसकी अनुपस्थिति में आधार पंजीयन पावती की छाया प्रति, फोटो युक्त परिचय पत्र, 2011 की सामाजिक आर्थिक जनगणना में शामिल परिवार का एएचएल टिन नंबर, मुखिया का दो पासपोर्ट साइज फोटो आवेदन के साथ ग्राम पंचायत या नगरीय निकाय में जमा करना आवश्यक है. राशन कार्ड के आवेदन प्राप्ति उपरांत नगरीय निकाय एवं ग्राम पंचायत के सक्षम अधिकारी आवेदन का परीक्षण करेंगे.
तद उपरांत भौतिक सत्यापन किया जाएगा. परिवार के सदस्य द्वारा अलग राशन कार्ड बनाए जाने के लिए मिले आवेदन में सर्वे सूची के मूल परिवार में शामिल सदस्यों से उनका नाम मिलान एवं पृथक निवास की पुष्टि की जाएगी. सत्यापन दल पात्र अपात्र पाए जाने वाले कार्ड धारियों के कारणों का उल्लेख करेंगे. यह कार्य भी 20 सितम्बर तक पूर्ण करना होगा. पूर्व में किए गए राशन कार्ड नवीनीकरण में कई कार्डधारी दस्तावेजों के अभाव में एवं नाम त्रुटि के कारण अपात्र हो गए थे अब उन्हें पुनरू मौका मिलेगा. इसके अलावा 2011 के सर्वे सूची में नाम परिवार के लोग भी एपीएल के लिए आवेदन कर सकेंगे.
पूर्व में किसी कारण से राशन कार्ड निरस्त हो चुके लोग भी आवेदन कर इसका लाभ ले सकते हैं.
भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर
पीजी पोर्टल में शिकायत के बाद भी नहीं मिल रहा न्याय, जाँच प्रणाली में सुधार की आवश्यकता, आजादी के 79 साल बाद भी शिकायत के जाँच में स्वतंत्रता नही.
अन्य सम्बंधित खबरें