समग्र शिक्षा फेडरेशन ने शिक्षकों की मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन
रायगढ़ : प्रदेश के शासकीय विद्यालयों में कार्यरत सहायक शिक्षक और शिक्षक संवर्ग ने अपनी दो सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री, शिक्षामंत्री और कलेक्टर के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। शिक्षकों ने सेवा हितों की रक्षा, लंबित पदोन्नति प्रक्रिया को पूरा करने और सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति दूर करने की मांग उठाई।
ज्ञापन में शिक्षकों ने कहा कि छत्तीसगढ़ में पूर्व से सेवारत शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से विधिवत छूट दी जाए। साथ ही वरिष्ठता क्रम के आधार पर पूर्व प्रचलित नियमों के तहत लंबे समय से लंबित पदोन्नति प्रक्रिया को समय-सीमा तय कर जल्द पूरा किया जाए।
शिक्षकों ने ‘मोदी की गारंटी’ के संकल्प पत्र में की गई घोषणा के अनुरूप सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति का स्थायी समाधान करने की मांग भी रखी। इसके साथ ही प्रथम नियुक्ति तिथि से पूर्व की समस्त सेवा अवधि की गणना कर क्रमोन्नति का लाभ देने की मांग की गई।
शिक्षक संवर्ग का कहना है कि लंबे समय से लंबित इन मांगों के कारण प्रदेश के हजारों शिक्षकों के सेवा हित प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने शासन से शिक्षकों के भविष्य और प्राथमिक शिक्षा की गुणवत्ता को ध्यान में रखते हुए मांगों पर संवेदनशीलता से विचार करने की अपील की है। ज्ञापन के माध्यम से जल्द नीतिगत निर्णय लेकर आवश्यक प्रशासनिक आदेश जारी करने की मांग की गई।