होली में बेचने दूसरे राज्य से लाएं थे 4 लाख का गांजा, पुलिस ने किया जप्त
बेटा व उसका दोस्त लाया था गांजा, लोकर स्तर में बेचने की जिम्मेदारी माता पिता को दी, पकड़े गए
होली में नशे का व्यापार करने के लिए दरगहन निवासी दिव्यांशु सुखदेव तथा उनका दोस्त निक्कू द्वारा दूसरे राज्य से 4 लाख 52 हजार रूपए का 113 किलो गांजा लाया गया था, जिसको बेचने के लिए जिम्मेदारी निक्कू के पिता 49 वर्षीय तरुण कुमार सुखदेव पिता स्वर्गीय शिवराम सुखदेव व उसकी पत्नी प्रतिमा सुखदेव को मिला था। बिक्री के दौरान लोगों की भीड़ होने पर पुलिस को सूचना मिली, जिसकी जांच के लिए पुलिस सादे ड्रेस में पहुंची, जहां पर भारी मात्रा में गांजा पाया, जिसके कार्यवाही की है।
जानकारी के अनुसार पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज पी.सुंदरराज, पुलिस उप महानिरीक्षक कांकेर रेंज कांकेर डॉ. संजीव शुक्ला के मार्गदर्शन में पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के निर्देशन में जिले के समस्त थाना व चौकी प्रभारियों को होली पर्व के समय अवैध रूप से गांजा, शराब,सट्टा जुआ के खाईवाल व तस्करों पर नकेल कसने के लिए आदेशित किए जाने पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर, एसडीओपी कांकेर तस्लीम आरिफ के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी चारामा मोरध्वज देशमुख के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया व मुखबिर लगाकर तस्करों पर लगाम कसने के लिए टीम द्वारा एक्शन मोड़ में आकर टीम पूरी तन्मयता से काम करते हुए अवैध कारोबार में लिप्त लोगों के ऊपर निगाह रखकर मुखबिर छोड़ा गया। उसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली की कुछ दिन से तरुण सुखदेव के घर के आस-पास लोगों की भीड़ आधी रात में लगता है की सूचना पर पुलिस द्वारा सादा ड्रेस में जवान तैनात कर घर के आस-पास निगाह रखा जा रहा था, इसी बीच पता चला की तरूण के घर मे गांजा डम्प कर सप्लाई किया जा रहा है।
मामले की पुष्टी के बाद टीम तैयार कर छापामारी करने पर घर पर उपस्थित दरगहन निवासी 49 वर्षीय तरुण कुमार सुखदेव पिता स्वर्गीय शिवराम सुखदेव व उसकी पत्नी प्रतिमा सुखदेव से पूछताछ में बताएं कि गांजा बाहर राज्य से उसका बेटा दिव्यांशु सुखदेव तथा उनका दोस्त निक्कू द्वारा होली में बेचने के लिए अपने घर में लाकर रखना तथा इन दोनों पति पत्नी द्वारा स्थानीय स्तर पर सप्लाई करने की जिम्मेदारी दी गई थी, इन दोनों के कब्जे से 113 किलो अवैध रूप से बेचने के लिए रखें गाजा को गांजा मौके से जप्त किया गया व आरोपी को एनडीपीएस की धारा 20 (ख) के तहत अपराध दर्ज कर गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा जा रहा है जिसकी कीमत 4 लाख 52 हजार रूपए आकी गयी है, पूछताछ में दोनों आरोपी गण द्वारा अन्य कई खुलासे किए है। सम्पूर्ण कार्यवाही के दौरान उपनिरीक्षक पवन ठाकुर, सहायक उपनिरीक्षक मनोज जैन, महिला प्रआर. गौतम, प्रआर सत्यप्रकाश, महिला आरक्षक सरोज मंडावी, चंद्रप्रभा तारम, आर दीपक उसेंडी, राकेश दर्रो, सीताराम नेताम आदि शामिल थे।