कस्टम मिलिंग के कार्य में रुचि नहीं लेने वाले राईस मिलो की करायी गई जांच
महासमुंद 30 मई 2020/ खरीफ विपणन वर्ष 2019-20 में शासन द्वारा समर्थन
मूल्य पर उपार्जित धान की उसना कस्टम मिलिंग करने के लिये जिले की 44 राईस
मिलो ने पंजीयन कराया है। पंजीकृत राईस मिलो में से कस्टम मिलिंग के कार्य
में रुचि नहीं लेने वाले राईस मिलो की जांच करायी गई थी। जिला खाद्य
अधिकारी अजय यादव ने बताया कि खाद्य और मंडी विभाग के संयुक्त टीम द्वारा
13 मई 2020 को में. चंडिका एग्रो इंडस्ट्रीज राईस मिल दुधीपाली बसना,
मेसर्स हिन्दुस्तान एग्रोटेक बैतारी सरायपाली एवं मेसर्स सम्लेश्वरी
इण्डस्ट्रीज राईस मिल की जाँच की गई।
उन्होंने बताया कि में.
चंडिका एग्रो इंडस्ट्रीज राईस मिल बसना की जांच में पाया गया कि फर्म के
द्वारा अनुबंध के विरुद्ध 12900 क्ंिवटल धान का उठाव किया जाना शेष होने के
बावजूद दिनांक 23 मार्च 2020 के पश्चात् धान का उठाव करने के लिये डीओ
जारी नहीं करवाया गया है तथा फर्म के पास 2769 क्ंिवटल चांवल उपलब्ध रहने
के बावजूद 18 मार्च 2020 के पश्चात् भारतीय खाद्य निगम को चांवल प्रदाय
नहीं किया गया है। जांच अधिकारियों ने फर्म के प्रोपाईटर श्री आशीष अग्रवाल
से 101 क्ंिवटल चांवल जप्त किया गया है। मेसर्स हिन्दुस्तान एग्रोटेक
बैतारी सरायपाली जिसके भागीदार श्री शंकरलाल अग्रवाल एवं दयानंद अग्रवाल
है, इस राईस मिल के जांच में पाया गया कि फर्म के द्वारा अनुबंध के विरुद्ध
धान का उठाव करने तथा चांवल जमा करने में लापरवाही बरती जा रही है। जांच
में अनियमितता पाये जाने पर फर्म से धान 7197.2 क्ंिवटल, उसना चांवल 673
क्ंिवटल अरवा चांवल 202 क्ंिवटल एवं कनकी 1292 क्ंिवटल जप्त किया गया।
मेसर्स सम्लेश्वरी राईस मिल बैतारी सरायपाली जिसके भागीदार श्री
शंकरलाल अग्रवाल एवं दयानंद अग्रवाल है, इस राईस मिल के जांच में पाया गया
कि फर्म के द्वारा अनुबंध के विरुद्ध चांवल जमा करने में लापरवाही बरती जा
रही है। जांच में अनियमितता पाये जाने पर फर्म से धान 760 क्ंिवटल, उसना
चांवल 1389 क्ंिवटल एवं कनकी 969 क्ंिवटल जप्त किया गया।
तीनो राईस मिलो द्वारा कस्टम मिलिंग के अंतर्गत धान उठाव एवं चांवल जमा
करने लापरवाही एवं अनियमितता बरतने तथा जांच में छ.ग. कस्टम मिलिंग चांवल
उपार्जन आदेश 2016 का उल्लघंन पाये जाने पर कलेक्टर महासमुन्द श्री
कार्तिकेय गोयल के द्वारा तीनो राईस मिलो के विद्युत कनेक्शन काटे जाने के
निर्देश दिये है साथ ही इन राईस मिलरो को जारी मंडी अनुज्ञप्ति निरस्त करने
तथा कस्टम मिलिंग के अंतर्गत काली सूची में दर्ज करने की कार्यवाही किये
जाने निर्देश दिये है।
श्री कार्तिकेय गोयल ने पंजीकृत राईस मिलो
के कस्टम मिलिंग के अंतर्गत धान उठाव एवं चांवल जमा की समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि अपनी मिलिंग क्षमता अनुरुप कस्टम मिलिंग का कार्य नहीं
करने वाले राईस मिलो के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही की जावेगी।