कोविड केयर सेंटर बनाने के लिए युद्ध स्तर पर किया गया कार्य, प्रदेश की नदियों के नाम पर रखे गए 20 कमरों का नाम, कुल होंगे 72 कमरे.
मरीजों और चिकित्सकीय दल के रहने व भोजन के लिए अलग-अलग व्यवस्था
हर जगह निगरानी के लिए लगाए गए सीसीटीवी
कैमरे, टू वे माइकिंग सिस्टम से मरीज भी दे सकेंगे आवाज
पांच स्तरीय डाॅनिंग-डाॅफिंग के
रिस्ट्रिक्टिेड क्षेत्र में सब कुछ होगा सुपर सैनिटाइज्ड
जिला चिकित्सलय के कोविड सेक्शन में 28 बिस्तर तैयार
कलेक्टर श्री गोयल की उपस्थिति में हुआ
पूर्वाभ्यास
महासमुंद
11 जून 2020/
जिले में कोविड-19 की बीमारी को रोकने
के लिए कलेक्टर श्री कार्तिकेया गोयल के निर्देशन और जिला पंचायत के मुख्य
कार्यपालन अधिकारी डाॅ रवि मित्तल के मार्गदर्शन में कार्य युद्ध स्तर पर किया जा
रहा है। कोरोना बीमारी से निपटने के लिए जिला चिकित्सालय को कोविड और
नाॅन कोविड के लिए अलग-अलग किया गया है। उल्लेखनीय है कि इस महामारी से जीतने
के लिए विभिन्न विभागों द्वारा आपसी समन्वय स्थापित कर चैबीसों घंटे
कड़ी मेहनत के परिणामस्वरूप जीएनएम नर्सिंग सेंटर को सर्व-सुविधायुक्त कोविड
केयर सेंटर में बदलाव किए गए है। प्राप्त जानकारी के अनुसार इसके लिए
अनुविभागीय अधिकारी श्री सुनील कुमार चंद्रवंशी एवं गामीण यांत्रिकी सेवा
सहित लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री एसआर सिन्हा और जल
संसाधन विभाग के अनुविभागीय अधिकारी श्री पीयूष देवांगन, नायब तहसीलदार श्री
देवेंद्र नेताम ने कार्यों का लगातार सुपरविजन करते रहे।

जिसके कारण
कार्य शीघ्रता पूर्वक पूर्णता की ओर हैं। कोविड चिकित्सालय के प्रवेश एवं
निकासी के लिए अलग से सड़क मार्ग एवं आंतरिक गलियारों का निर्माण कर लिया गया
है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा भी शीघ्र परिसर में पेयजल
व्यवस्था बनाए रखने के लिए बोर खुदाई का कार्य शीघ्रता से किया, जिससे निर्माण कार्य
में जलापूर्ति एवं आगामी समय में मरीजों को चैबीसों घंटे शुद्ध पेय
जल उपलब्ध होने लगेगी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ एसपी
वारे ने विभागीय समन्यव बनाने में काफी मदद की।


माॅक ड्रिल का अभ्यास करके लिया तैयारी
का जायजा
कोविड केयर सेंटर की सेवाएं शुरू
करने के पूर्व आज 11 जून को नमूने के तौर पर मरीज को लाकर सैनिटाइज्ड करने
से लेकर प्राथमिक जांच उपरांत भर्ती वार्ड में पहुंचाने एवं उपचार
शुरू करने तक की क्रियाओं का पूर्वाभ्यास किया गया। इस अवसर पर कलेक्टर, जिला पंचायत के मुख्य
कार्यपालन अधिकारी सहित स्वास्थ्य
विभाग के अधिकारी मौके पर उपस्थित थे, जिन्होंने सेवाओं का
जायजा लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।