कई गुना ज्यादा रेट में कम्पनी के नकली दवा बेचते 2 पकड़ाए, तहसीलदार और कृषि विभाग कर रही कार्यवाही
आज बसना के ग्रामीण क्षेत्रो में 1 स्थानीय भंवरपुर(झारबन्द) और एक भिलाई के 1 युवक को बायर कम्पनी का फर्जी दवा बेचते पकड़ा गया. दोनों युवकों को बायर कम्पनी के नोटीवो की नकली दवाई बेचते कम्पनी के कर्मचारियो ने पकड़ा जिसको कृषि विभाग के हवाले किया गया.
भिलाई के एक युवक जो कि बायर कम्पनी के नोटीवो नामक दवाई जो फल फूल को बढाने में सहायक है जिसका बाजार में 1 किलो का लगभग 6 हजार मूल्य है उसको आधा रेट 3 हजार में किसानों को बेचने लाया गया था. जानकारी के अनुसार भिलाई का युवक भंवरपुर(झारबन्द) निवासी के मदद से कार के माध्यम से बायर कम्पनी का फर्जी दवा बेचता था.
फर्जी दवा बायर कम्पनी के जांजगीर चांपा के कर्मचारी कई दिनों से नजर बनाए हुए थे. जो दोनों को बसना के भुकेल और बंसूला में कुछ किसानों को बेचते पाए गए. जिसके बाद बायर कम्पनी के कर्मचारियों ने दोनों लड़को को पकड़कर कृषि विभाग के हवाले किया है.
जानकारी के अनुसार युवकों के
पास से लगभग 25 किलो नकली दवाई मिली जिसका सेम्पल लेकर जाँच के लिए भेज दिया गया
है. जाँच के बाद ही पता चल पाएगा दवाई नकली है या असली. हलाकि बयार कम्पनी
कर्मचारियों का दावा है बिना मार्का और नकली प्रोडक्ट किसानों को बेचा जा रहा है. कृषि विभाग के उच्च अधिकारियों और नायब तहसीलदार
सुशीला साहू द्वारा मामले में जांच पड़ताल किया गया. जिसमे दवा कहाँ से लाया गया इस
बात का पता लगाया जा रहा है. जानकारी के अनुसार युवकों के मोबाइल को छीनकर कॉल
हिस्ट्री खंगाला गया जिसमे कई चौकने वाले खुलाशे हो सकते हैं.

दरअसल व्हाट्सएप में बायर कम्पनी का नकली मार्का भी बनवाया गया है. जिसका ऑर्डर भी कर लिया गया था. वही पुछताज के दौरान उक्त व्यक्तियों के पास रायपुर से किसी महिला का फोन आया जिसके बाद कृषि विभाग के अधिकारियों ने फोन रिसीव करने के लिए भिलाई के युवक को दिया जिसके बाद महिला ने कहा कि कहा हो तब युवक ने महिला को कहा कि बसना में है 1 घण्ठे में यहां से निकल जाएंगे वापस आते समय रकम जमा हो जाएगा. इसका मतलब इन 2 युवकों से बड़ा मास्टरमाइंड रायपुर में है.
अब देखने वाली बात यह होगी क्या बस इन दोनों युवकों ऊपर कार्यवाही करके इतिश्री कर लिया जाएगा या कृषि विभाग इनके सरगना तक पहुँचने की कोशिश करेंगे.
फिलहाल दोनों युवकों के खिलाफ पंचनामा बनाकर एसडीएम सरायपाली और थाना बसना को सौंपने की तैयारी चल रहा है. जिसमे एक वाहन को भी जप्ती बनाया गया है. समाचार लिखे जाने तक दोनों युवकों को बसना थाना में रखा गया है.
