बसना : 19 लाख रुपये के हेरफेर गबन के मामले में 2 सचिव उत्तर कुमार प्रधान और महेस नाग फरार, पूर्व सरपंच रिमांड में.
शौचालय निर्माण में प्रोत्साहन राशि को भुगतान न कर अनुचित ढंग से शासकीय राशि का दुरुपयोग करनें पर जगदीशपुर के पूर्व सरपंच असीम सोना को पहले ही गिरफ्तार कर बसना पुलिस द्वारा रिमांड में भेज दिया गया है. वहीं मामले में अभियुक्त बनाए गए 2 पूर्व सचिव उत्तर कुमार प्रधान और महेस नाग गिरफ्तारी के डर से फरार हो गये हैं.
बसना टीआई लेखराम ठाकुर ने बताया कि दोनों सचिवों के घर और आस पास पतासाजी किया जा रहा है, दोनों सचिव उत्तर कुमार प्रधान और महेस नाग फरार हो गये. दोनों ऑफिस भी नही जा रहे है. जिनका पता लगाया जा रहा है, जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा.
बता दे कि जनपद पंचायत पिथौरा के ग्राम पंचायत जगदीशपुर के भूतपूर्व सरपंच असीम सोना एवं तत्कालीन सचिव उत्तर कुमार प्रधान ने 6 लाख 99 हजार 850 रु. और पूर्व सरपंच असीम सोना, पूर्व सचिव महेस नाग ने 12 लाख 46 हजार 100 रु. ग्राम पंचायत जगदीशपुर में बनाये जाने वाले शौचालय निर्माण में गबन किया.
प्रोत्साहन राशि मामले में ग्रामीणों ने लम्बी लड़ाई लड़ी, 2 वर्ष पहले से शिकायत के बाद जाँच के नाम पर बस खाना पूर्ति किया जा रहा था, जिसके बाद ग्रामीणों को चक्का जाम का सहारा लेना पड़ा. इसके बाद अधीकारियो ने जाँच और कार्यवाही की बात कही. लेकिन नियत तिथी में जांच नही होने पर दोबारा चक्का जाम किया गया.
जहाँ पुलिस प्रशासन ने न्याय मांगने वालों ग्रामीणों को भड़काने के आरोप में ही गिरफ्तार कर लिया. कहते है ना कि सत्य परेशान हो सकता है लेकिन पराजित नही आखिर में जिला प्रशासन को भी जागना पड़ा, और अंत मे 19 लाख के मामले में जाँच हुआ, पूर्व सरपंच असीम सोना सचिव उत्तर कुमार प्रधान और महेस नॉग के खिलाफ 19 लाख के फेराफेरी मामले में बसना थाना अंतर्गत एफआईआर दर्ज कर पूर्व सरपंच असीम सोना को गिरफ्तार कर पहले ही रिमांड पर भेज दिया गया है, और दोनों सचिव फरार चल रहे है. जिनकी खोज बसना पुलिस द्वारा जारी है.