अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर सरपंच बेलसोंडा ने दिया गांव को... - CG Sandesh

अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर सरपंच बेलसोंडा ने दिया गांव को पर्यावरण संतुलन का तोहफा........

ये सभी और कोई नहीं बल्कि ग्राम पंचायत BELSONDA के विवेकानंद सेवा संस्थान के सक्रिय सदस्य है जिन्होंने बिना कोई स्वार्थ के बारिश में भीगते हुए भी और तपती दुपहरी मे धूप सहते हुए भी प्रत्येक क्षण गांव के शुद्ध और सुंदर वातावरण तथा पर्यावरण निर्माण मे अपनी अहम भूमिका पिछले १६ वर्षों से निभाते चले आ रहे है लेकिन कभी इसने पंचायत से शिकवा शिकायत नहीं की। सिर्फ इस आशा मे कि कभी न कभी इस गांव मे ऐसा सरपंच आएगा जो निस्वार्थ भाव से गांव के विकास और पर्यावरण के संरक्षण और संवर्धन मे अपनी भूमिका स्वयंमेव निभाएगा, अब आखिरकार उनकी यह इच्छा भी शीतला माता की कृपा से पूरी हो ही गई।

संस्थान के अध्यक्ष श्री शत्रुघ्न साहू और सचिव उदेराम साहू ने इस प्रतिनिधि को बताया कि पिछले १५ वर्षो मे पूर्व सरपंचों ने पर्यावरण के संरक्षण और संवर्धन मे तनिक भी ध्यान नहीं दिया जिसके कारण हमारे गांव BELSONDA का वातावरण दूषित हो चुका है। पूर्व सरपंच राजेंद्र चंद्राकर द्वारा बड़े बड़े उद्योगों स्टील प्लांट, पॉवर प्लांट, गैस प्लांट और राइस मिलों को लगाने के लिए NOC (अनापत्ति प्रमाण पत्र) तो दिया लेकिन बढ़ते प्रदूषण की रोकथाम के लिए उसने किसी भी प्रकार की व्यवस्था नहीं की जबकि वर्तमान सरपंच श्रीमति भमिनी पोखन चंद्राकर द्वारा किसी भी प्रकार का आद्योगिक संरक्षण न देते हुए पर्यावरण के संरक्षण और संवर्धन मे बारीकी से ध्यान दिया जा रहा है। सरपंच श्रीमती चंद्राकर ने हमारे निस्वार्थ कार्य और आर्थिक बदहाली पर अपनी पैनी नजर डालते हुए हमारे संस्थान के रचनात्मक कार्यों की तारीफ करते हुए करीब ३ एकड़ के नैया तालाब को पंचायत प्रस्ताव दिनांक ८ मार्च २०२१ के माध्यम से मत्स्य पालन हेतु १ वर्ष के लिए दिया ताकि हमारी आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके, अब हमारी संस्थान उक्त तालाब मे मछली की खेती करेगा तथा आय के स्रोत को सरपंच के निर्देशानुसार जनहित के कार्यों मे तथा पेड़ पौधे लगाकर गांव के पर्यावरण मे सुधार करके सेवा भाव से ओतप्रोत होकर सरपंच महोदया के नक्शे कदम पर चलते हुए ग्राम विकास मे लगाएगा तथा पूरी एकजुटता और तत्परता के साथ सरपंच महोदया के साथ खड़े रहेंगे। साहू बंधु ने बताया कि जब से श्रीमती चंद्राकर ने गांव की कमान संभाली है तब से जनकल्याणकारी कार्यों मे तेजी आ गई है।

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