महासमुंद: कलेक्टर की अध्यक्षता में समय-सीमा की बैठक, योजनाओं को ध्यान में रखकर गिरदावरी कार्य में सावधानी एवं पारदर्शिता रखें - कलेक्टर सिंह
महासमुंद: कलेक्टर डोमन सिंह ने राज्य शासन की महत्वपूर्ण योजनाओं में मैदानी स्तरीय अधिकारियों से और तेज गति से काम करने और हितग्राहियों को लाभ पहुुंचाने की बात कही। उन्होंने गौठानों और चारागाहों में पशु चिकित्सक, कृषि विज्ञान केन्द्र से उपलब्ध नेपियर रूट लगाने के बारें में भी जानकारी ली। उन्होंने सभी एसडीएम से इस संबंध में कृषि से जुड़े ब्लाॅक स्तरीय अधिकारियों से सतत् सम्पर्क बनाए रखने और प्रगति की रिपोर्ट लेने को कहा। उक्त बातें कलेक्टर डोमन सिंह ने आज समय-सीमा की बैठक मंे कही।
बैठक कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित हुई। इस अवसर
पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला आकाश छिकारा, अपर कलेक्टर जोगेन्द्र कुमार नायक, संयुक्त कलेक्टर सुनील
कुमार चंद्रवंशी, डिप्टी कलेक्टर सहित विभिन्न विभागों के जिला
स्तरीय अधिकारी मौजूद थे। जिले के सभी एसडीएम एवं ब्लाॅक स्तरीय अधिकारी वीडियों
कांफ्रेंसिंग के जरिए जुड़े।
कलेक्टर सिंह ने कहा
कि राज्य शासन द्वारा फसल उत्पादन को प्रोत्साहित करने कृषि आदान सहायता हेतु
राजीव गांधी किसान न्याय योजना क्रियान्वित की जा रही है। इसी प्रकार मुख्यमंत्री
वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना प्रारम्भ की गयी है। उन्होंने कहा कि उक्त दोनों
योजनाओं में गिरदावरी के आधार पर भू-स्वामी कृषकों को लाभान्वित किया जाना है।
उन्होंने कहा कि इस बार गिरदावरी कार्य को शत्-प्रतिशत् त्रुटि रहित पूर्ण किया
जाना है। उन्होंने कहा राजीव गांधी किसान न्याय योजना एवं मुख्यमंत्री वृक्षारोपण
प्रोत्साहन योजना को ध्यान में रखते हुए गिरदावरी कार्य में पर्याप्त सावधानी एवं
पारदर्शिता का ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि इसके लिए तहसील स्तर पर गिरदावरी के
संबंध में राजस्व पंचायत तथा कृषि, उद्यानिकी विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों का प्रशिक्षण
समय रहते आयोजित कर लिया जाए।
कलेक्टर सिंह ने
कोविड-19 टीकाकरण के लिए जिले के
दो नगरीय क्षेत्र बागबाहरा एवं महासमुन्द में सौ फीसदी टीकाकरण जल्द से जल्द हो इस
पर कार्ययोजना बनाकर काम करने की बात कही। उन्होंने कहा कि बागबाहरा में टीकाकरण
के लिए कम लोग हैं लेकिन महासमुन्द में इसकी संख्या अधिक है। इसके लिए घर-घर जाकर
लोगों को टीकाकरण के लिए जागरूक किया जाए। उन्होंने कहा कि नगरीय क्षेत्रों से सटे
बड़ें कस्बों में भी शत्-प्रतिशत् टीकाकरण के लिए कार्ययोजना बनाकर पूरा करें।
उन्होंने चिटफंड के संबंध में तहसील कार्यालयों से जानकारी नहीं आने पर चिंता जताई
और कहा कि चिटफंड संबंधी चाही गई जानकारी चिटफंड से संबंधित व्यक्ति की अचल सम्पति
की जानकारी तत्काल भेजंे। उन्होंने महतारी दुलार योजना की जानकारी देते हुए कहा कि
इस योजना के माध्यम से कोरोना काल में अनाथ हुए बच्चों के लिए निःशुल्क शिक्षा और
छात्रवृत्ति की व्यवस्था की गयी है।