शासकीय औद्योगिक संस्था लभराखुर्द में मानसिक स्वास्थ्य आत्महत... - CG Sandesh

शासकीय औद्योगिक संस्था लभराखुर्द में मानसिक स्वास्थ्य आत्महत्या रोकथाम के विषय पर कार्यशाला सम्पन्न हुआ ।

महासमुंद। 31 अगस्त को मेडिकल कालेज सह जिला चिकित्सालय महासमुंद, राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत शासकीय औद्योगिक संस्था लभराखुर्द महासमुंद में आत्महत्या रोकथाम विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। आत्म हत्या के संकेत जिसको देख कर उनके व्यवहार को मनोवेज्ञनीक, मनोसामाजिक रूप से परखा जा सके। एसे संकेत के बारे में शासकीय औद्योगिक संस्था लभराखुर्द के छात्र छात्राओं को खेल के माध्यम और समूह चर्चा, के माध्यम से अवगत कराया गया।

आत्म हत्या के मुख्य संकेत-
चुपचाप रहना, मन का उदास होना, चिंतित रहना, अपनी बातो को न बताना, अत्यधिक तनाव में आना, बात बात पर मरने की बात करना, पिछले कुछ दिनों से मानसिक रोग से पीड़ित होना, नींद न आना, बेचयनी,घबराहट होना, हाँथ को काटना, बार बार असफल होना आदि लक्षण है।

आत्म ह्त्या के समान्य कारण-
मानसिक स्वास्थ्य ठीक न रहना। अत्यधिक कर्ज, प्रेम प्रसंग, असफ़ल हो जाना, नशे आदि का लत होना, परिवारिक रिस्ता टूट जाना, गेमिंग, इंटरनेट, किसी बीमारी से ग्रसित होना, किट नाशक का उपयोग आदि है.

आत्म हत्या रोकथाम के उपाय -

अपना देनिक दिनचर्या को खुशनुमा बनाये। प्रति दिन नियमित योग साधना करे। प्रति दिन 30 मिनट पेदल चले, व्यायाम करे। खान पान को नियंत्रित करे। मनोरंजन के साधन जेसे संगीत, खेल का उपयोग करे। अध्यात्म से जूझते रहे।

किसी प्रकार से नशा से दूर रहे। अत्यधिक तनाव न ले। आपसी संबंधों को बनाये रखे। आत्म हत्या रोकथाम पर कार्यशाला में श्री जी एस साहू प्राचार्य औधोगिक संस्था लभराखुर्द का सहयोग रहा।

कार्य शाला का संचालन डॉ एन के मंडपे मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ छत्रपाल चंद्राकर नोडल अधिकारी के निर्देशन पर स्पर्श क्लिनिक जिला चिकित्सालय से रामगोपाल खूँटे मनोरोग सामाजिक कार्यकर्ता और टिकेश्वृरि गिरि मनोवेज्ञनीक द्वारा आत्म हत्या रोकथाम व मानसिक स्वास्थ्य के विषयों पर कार्य शाला का आयोजन किया कोविड 19 के रोकथाम व सोसल डिस्टेंस के पालन करते हुये किया गया ।



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