महासमुंद: ग्राम पीढ़ी में राम वन गमन पथ उपवन का अतिथियों ने क... - CG Sandesh

महासमुंद: ग्राम पीढ़ी में राम वन गमन पथ उपवन का अतिथियों ने किया लोकार्पण

महासमुंद: जिले के महासमुन्द विकासखण्ड के ग्राम पीढ़ी में शनिवार 02 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर अतिथियों ने राम वन गमन पथ के ग्राम पीढ़ी में उपवन निर्माण का लोकर्पण किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में संसदीय सचिव एवं महासमुन्द विधायक विनोद चंद्राकर वर्चुअल माध्यम से जुडे़ थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जनपद पंचायत महासमुंद के अध्यक्ष यतेन्द्र साहू, जिला पंचायत सदस्य अरूण चंद्राकर, जनपद सदस्य राजेश साहू, स्काऊट गाईड के अध्यक्ष दाऊलाल चंद्राकर, पूर्व जनपद उपाध्यक्ष सेवन लाल चंद्राकर, कलेक्टर डोमन सिंह, मुख्य कार्यपालन अधिकारी ज़िला पंचायत आकाश छिकारा, सरपंच ग्राम पंचायत दुलारी चंद्राकर, जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, अधिकारी-कर्मचारी सहित ग्रामीणजन मौजूद थे।

इस दौरान अतिथियों ने अपने उद्बोधन में कहा कि भगवान राम युगों-युगों से हमारे देश ही नहीं बल्कि दुनिया के अनेक देशों में जन आस्था के केन्द्र में रहें हैं। उन्हें भगवान, भगवान के अवतार, धरती पर जन्मे मर्यादा पुरुषोत्तम, एक आदर्श राजा, एक आदर्श रूप में अनेक संत, महात्माओं, चिंतको, लेखकों, विचारकों ने विस्तार से अपने मत प्रकट किए है। भगवान राम की महिमा सर्व लोकव्यापी और समस्त सीमाओं के ऊपर है। भगवान राम के 14 वर्ष का वनवास काल अधिकांश समय छत्तीसगढ़ मंे ही व्यतीत हुआ है। इसे ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जिन क्षेत्रों से भगवान राम गुजरे थे। ऐसे क्षेत्रों को राम वन गमन परिपथ के रूप में विकसित करने का कार्य किया जा रहा है। इसे ध्यान में रखकर राम वन गमन पथ के ग्राम पीढ़ी में 08 लाख 62 हजार की लागत से उपवन का निर्माण किया गया है। इस दौरान स्कूली बच्चों को निबंध, रंगोली, वाद-विवाद, भाषण, चित्रकला आदि में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया तथा मुख्यमंत्री सुपोषण अभियान के तहत् एनीमिक बालिकाओं, गर्भवती महिलाओं एवं शिशुवती माताओं तथा कुपोषित बच्चों को गरम भोजन अतिथियों द्वारा परोसा गया।

भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर

पीजी पोर्टल में शिकायत के बाद भी नहीं मिल रहा न्याय, जाँच प्रणाली में सुधार की आवश्यकता, आजादी के 79 साल बाद भी शिकायत के जाँच में स्वतंत्रता नही.


अन्य सम्बंधित खबरें