कारोबारियों के ठिकानों पर आयकर की दबिश, पकड़ी पांच करोड़ की ग... - CG Sandesh

कारोबारियों के ठिकानों पर आयकर की दबिश, पकड़ी पांच करोड़ की गड़बड़ी

रायपुर। टैक्स चोरी के संदेह के आधार पर आयकर विभाग द्वारा पटाखा कारोबारियों व माइनिंग कारोबारी के ठिकानों पर चल रही जांच पूरी हो गई है। बताया जा रहा है कि विभाग को तलाशी के दौरान उनके ठिकानों से पांच करोड़ की गड़बड़ी मिली है। कारोबारी समूहों द्वारा कच्चे में बिलिंग कर टैक्स चोरी की जा रही थी।

आयकर विभाग द्वारा इन कारोबारी समूहों के ठिकानों पर तलाशी के दौरान इसके दस्तावेज मिलने के बाद इसे जब्त कर लिया गया है। बताया जा रहा है कि कारोबारी कच्चे में पटाखे और माइनिंग का परिवहन और इसे बेचकर बिलिंग नहीं करते थे।

जांच के दौरान विभाग को इनके ठिकानों में स्टाक से कम सामान मिला है। आयकर विभाग द्वारा आशंका जताई जा रही है कि कच्चे में खरीदी बिक्री कर अर्जित आय को छिपाया गया है। मालूम हो कि आयकर की टीम ने रायपुर, भिलाई और दल्ली राजहरा के पटाखा व माइनिंग कारोबारी के 14 ठिकानों पर आठ नवंबर को छापा मारा था।

इस दौरान उनके ठिकानों से आठ करोड़ नकद और 10 करोड़ की ज्वेलरी भी जब्त की गई थी। साथ ही कारोबारी के बयान दर्ज कर बाक्स बिल्डिंग से संबंधित दस्तावेजों को जब्त करने की कार्रवाई की जा रही थी।

स्टाक में गड़बड़ी

आयकर विभाग को पटाखा कारोबारी के ठिकाने से स्टाक काफी कम मिला है। निर्मित, अर्धनिर्मित और कच्चे माल की खरीदी बिक्री कच्चे में की जा रही थी। उसके दस्तावेज मिलने के बाद कारोबारी का बयान दर्ज कर उनसे हिसाब मांगा गया है। इसके मिलने के बाद तलाशी में बरामद किए गए स्टाक और इसके हिसाब का मूल्याकंन कर टैक्स चोरी का निर्धारण होगा।



भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर

पीजी पोर्टल में शिकायत के बाद भी नहीं मिल रहा न्याय, जाँच प्रणाली में सुधार की आवश्यकता, आजादी के 79 साल बाद भी शिकायत के जाँच में स्वतंत्रता नही.


author

पल्लवी मंडावी

पल्लवी मंडावी पत्रकारिता (जर्नलिज्म) में स्नातक हैं और उन्हें मीडिया के क्षेत्र में 7 वर्षों का लंबा और गहन जमीनी अनुभव है। एक प्रखर स्वतंत्र लेखिका (Independent Writer) के रूप में विभिन्न प्रतिष्ठित मंचों में उनके लेख प्रकाशित होते रहते हैं। पल्लवी सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर बेहद बेबाकी से लिखती हैं और अपनी धारदार लेखनी के माध्यम से जनसरोकार की आवाज़ को प्रमुखता से सबके समक्ष रखती हैं।
अन्य सम्बंधित खबरें