मतगणना का आखरी प्रशिक्षण होगा शनिवार को, काउंटिंग की बारीकियां सीखेंगे कर्मचारी
Counting training : मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के मतगणना के लिए अंतिम प्रशिक्षण शनिवार को भोपाल के इंदिरा गांधी स्टेडियम में दिया जाएगा। इस प्रशिक्षण में 800 से अधिक कर्मचारियों को मतगणना की बारीकियां सिखाई जाएंगी।
प्रशिक्षण में मतगणना के लिए आवश्यक उपकरणों का उपयोग, मतपत्रों की गणना, परिणामों की घोषणा आदि के बारे में बताया जाएगा। प्रशिक्षण में मतगणना के लिए नियुक्त सभी कर्मचारियों को शामिल किया जाएगा।
प्रशिक्षण के लिए सभी कर्मचारियों को पहले ही बुलावा भेज दिया गया है। प्रशिक्षण में मतगणना के लिए आवश्यक सभी दस्तावेज भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
प्रशिक्षण के बाद सभी कर्मचारियों को मतगणना के लिए प्रशिक्षित माना जाएगा। मतगणना 11 दिसंबर को सुबह 8 बजे से शुरू होगी।प्रशिक्षण में शामिल होने वाले कर्मचारियों के लिए आवश्यक जानकारी
सभी कर्मचारियों को समय पर प्रशिक्षण स्थल पर पहुंचना होगा।
कर्मचारियों को अपना पहचान पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेज साथ लाना होगा।
प्रशिक्षण के दौरान कर्मचारियों को मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का उपयोग नहीं करना होगा।
मतगणना के लिए जरूरी दिशा-निर्देश
मतगणना के दौरान सभी कर्मचारियों को कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन करना होगा।
मतगणना के दौरान सभी कर्मचारियों को मास्क पहनना होगा।
मतगणना के दौरान सभी कर्मचारियों को सामाजिक दूरी बनाए रखनी होगी।
मतगणना के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं। मतगणना पूरी तरह से पारदर्शी और निष्पक्ष होगी।
मतगणना का प्रशिक्षण एमबीएम कालेज में दोपहर 12 से तीन बजे तक दिया जाएगा। प्रशिक्षण लेने वाले कर्मचारियों को पहले से विधानसभाएं अलाट कर दी जाएंगी। इसलिए वह विधानसभावार बनाए गए रूम में ही बैठेंगे। यानी बैरसिया, भोपाल उत्तर, नरेला, दक्षिण-पश्चिम, भोपाल मध्य और गोविंदपुरा, हुजूर विधानसभा के लिए अलग-अलग रूम रहेंगे।
विधानसभा चुनाव के लिए जिले के सात सीटों के उम्मीदवारों के लिए डाले गए वोटों की गणना की वीडियोग्राफी कराई जाएगी। इसके साथ स्ट्रांग रूम से ईवीएम मशीनें निकालने, टेबिलों पर रखने और उनके वोटों की गिनती तक पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई जाएगी।
इसके साथ काउंटिंग के बाद मशीनों की सीलिंग का काम भी कैमरे की देखरेख में किया जाना है। एक-एक राउंड की मतगणना के बाद रिटर्निंग अधिकारी को सर्टिफिकेट देना पड़ेगा। जिसके आधार पर सभी राउंडों की काउंटिंग को आखिर में जोड़कर कुल वोटों की गिनती होगी। आयोग के मुताबिक मतगणना की प्रक्रिया पूरी होने के बाद वीडियो कैसेट भविष्य के लिए सीलबंद की जाएगी। उम्मीदवार यह कैसेट ले भी सकते हैं।