इस दिन हो सकता है ​साय कैबिनेट का विस्‍तार, मंत्रियों के नाम... - CG Sandesh

इस दिन हो सकता है ​साय कैबिनेट का विस्‍तार, मंत्रियों के नामों में हुआ बड़ा उलटफेर…

रायपुर। बीजेपी की प्रचंड जीत के बाद छत्तीसगढ़ के शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्रियों सहित 10 मंत्रियों के भी शपथ लेने की तैयारी की गई थी, लेकिन अंत समय में मंत्रियों के शपथ का कार्यक्रम रोक दिया गया। मिली जानकारी के मुताबिक छत्तीसगढ़ में मंत्रिमंडल की जो सूची बनाई गई थी, उसे दिल्ली से स्वीकृति नहीं मिली। जिसकी वजह से सिर्फ सीएम और डिप्टी सीएम ने ही अपने पद और गोपनीयता की शपथ ली।

 

 


खरमास के दिन हो सकती है नए मंत्रियों की बैठक

वहीं बताया जा रहा है कि इसके बाद एक नई सूची तैयार की गई है। इस सूची के नामों को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की भी सहमति है। फिलहाल ये नाम लिफाफे में बंद हो चुके हैं। बताया जा रहा है कि खर मास लगने के दिन यानी 17 दिसंबर को साय कैबिनेट के मंत्रियों की शपथ दिलाई जा सकती है। राज्यपाल के दिल्ली से लौटते ही शपथ ग्रहण समारोह हो सकता है।बता दें कि राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन अभी दिल्ली प्रवास पर चले गए हैं। राज्यपाल 13 से 17 दिसंबर तक दिल्ली में रहेंगे। जहां वे पीएम, राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति व गृहमंत्री से मिलेंगे। मुलाकात के बाद 17 दिसंबर को वे वापिस रायपुर लौटेंगे। इसके बाद ही सीएम विष्णुदेव साय के मंत्रिमंडल का विस्तार संभव हो पाएगा।

नए मंत्रिमंडल में इन्‍हें मिल सकती है जगह

 छत्‍तीसगढ़ सरकार के नए मंत्रिमंडल में धरमलाल कौशिक, ओपी चौधरी, राजेश मूणत, डोमन लाल कोर्सेवाडा, अजय चंद्राकर, रेणुका सिंह, बृजमोहन अग्रवाल, विक्रम उसेंडी, केदार कश्यप, रामविचार नेताम और अमर अग्रवाल को जिम्‍मेंदारी मिल सकती है।



भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर

पीजी पोर्टल में शिकायत के बाद भी नहीं मिल रहा न्याय, जाँच प्रणाली में सुधार की आवश्यकता, आजादी के 79 साल बाद भी शिकायत के जाँच में स्वतंत्रता नही.


author

पल्लवी मंडावी

पल्लवी मंडावी पत्रकारिता (जर्नलिज्म) में स्नातक हैं और उन्हें मीडिया के क्षेत्र में 7 वर्षों का लंबा और गहन जमीनी अनुभव है। एक प्रखर स्वतंत्र लेखिका (Independent Writer) के रूप में विभिन्न प्रतिष्ठित मंचों में उनके लेख प्रकाशित होते रहते हैं। पल्लवी सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर बेहद बेबाकी से लिखती हैं और अपनी धारदार लेखनी के माध्यम से जनसरोकार की आवाज़ को प्रमुखता से सबके समक्ष रखती हैं।
अन्य सम्बंधित खबरें