भारतीय स्टेट बैंक 7 दिन से 10 साल तक की एफडी पर आम ग्राहकों को 3.05% से 6.60% और वरिष्ठ नागरिकों को 3.55% से 7.10% सालाना ब्याज दे रहा है। टैक्स सेविंग एफडी पर भी 6.05% (साधारण) और 7.05% (वरिष्ठ) का रिटर्न मिल रहा है।
4 जुलाई को या आज सोने का भाव में भारी किरावट ₹550 सस्ता हुआ सोना, 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत ₹98,700 रुपये वहीं पर 22 कैरेट सोने का रेट ₹90,500 रुपये के ऊपर देखने को मिलेगा। आज चांदी के भाव में ₹1000 की उछाल देखने को मिल रहा है,
यदि आप सुरक्षित और निश्चित पेंशन के विकल्प की तलाश में हैं, तो LIC की सरल पेंशन योजना एक ऐसी पॉलिसी है जो रिटायरमेंट के बाद स्थायी और गारंटीड पेंशन का विकल्प देती है। यह योजना बाजार जोखिम से पूरी तरह मुक्त है और एक बार निवेश करने पर आजीवन पेंशन मिलती है।
अगर आप भी अपना बिजनेस शुरू करने का सपना देख रहे हैं, लेकिन समझ नहीं पा रहे कि कौन-सा बिजनेस अच्छा रहेगा, कितनी लागत लगेगी और कमाई कितनी होगी — तो आज हम आपको टोमैटो सॉस (Tomato Sauce) बनाने के बिजनेस के बारे में विस्तार से बताएंगे।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस ने 'आईसीआईसीआई प्रू स्मार्ट इंश्योरेंस प्लान प्लस' लॉन्च किया है। यह एक मार्केट-लिंक्ड प्रोडक्ट है, जिसे ग्राहकों को दीर्घकालिक रूप से संपत्ति बनाने में मदद करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है।
इस योजना के तहत किसानों को ₹10 लाख तक के ऋण पर क्रेडिट गारंटी मिलती है, जबकि ₹3 लाख तक के ऋण पर कोई प्रोसेसिंग फीस नहीं ली जाती। साथ ही कार्यशील पूंजी के लिए ब्याज सब्सिडी का लाभ भी किसानों को मिलता है, जिससे उनका वित्तीय बोझ काफी हद तक कम होता है।
अगर आप सुरक्षित और स्थिर रिटर्न की तलाश में हैं, तो Canara Bank की 444 दिनों वाली विशेष फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) स्कीम एक अच्छा विकल्प हो सकता है। बैंक इस योजना पर आकर्षक ब्याज दर दे रहा है, जिससे आप अपनी जमा पूंजी को सुरक्षित रखते हुए निश्चित लाभ पा सकते हैं।
देश के परंपरागत डाकघरों की छवि अब पूरी तरह बदलने वाली है। भारतीय डाक विभाग ने बड़ा कदम उठाते हुए अगस्त 2025 से देशभर के 1.5 लाख से अधिक डाकघरों में UPI पेमेंट की सुविधा शुरू करने का ऐलान किया है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि लोग नकद लेकर कतारों में खड़े होने के बजाय, QR कोड स्कैन करके चंद सेकंड में भुगतान कर सकेंगे।
NPCI ने बैंकों को यह अधिकार दिया है कि वे असली UPI विवादों पर — जैसे धोखाधड़ी, फेल हुए ट्रांजैक्शन, या व्यापारी से जुड़ी शिकायतों पर — बिना NPCI की पूर्व अनुमति के ही कार्रवाई कर सकेंगे।