महिला सुपारी किलर ने डिप्टी रेंजर का किया खून.... पति की जिं... - CG Sandesh

महिला सुपारी किलर ने डिप्टी रेंजर का किया खून.... पति की जिंदगी का ढाई लाख में सौदा..

कोरबा पुलिस ने सुपारी किलिंग के सनसनीखेज मामले का खलासा किया है, चौकाने वाली बात ये है कि इस मामले में सुपारी देने वाली भी एक महिला है और किलर भी महिला है, सरकारी नौकरी और जायदाद के लालच में पत्नी ने ही अपने डिप्टी रेंजर पति को रास्ते से हटाने के लिए ढाई लाख रुपये की सुपारी दे डाली, आरोपियो ने फिल्मी इस्टाइल में डिप्टी रेंजर को किटनैप किया और कार में ही मौत के घाट उतार दिया, इस संवेदनशील मामले को सुलझाने में पुलिस ने पूरी ताकत झोंक दी और 48 घंटे के भीतर ही निर्मम हत्याकांड को सुलझाते हुए दो महिला समेत सात आरोपियो को गिरफ्तार कर लिया है। 

घटना 14 मार्च की है, कटघोरा वनमंडल के कसनिया में पदस्थ डिप्टी रेंजर कंचराम पाटले ड्यूटी पर थे, सुबह घर नही लौटे, बल्कि सुतर्रा के समीप सड़क किनारे उनकी लाश मिली, शरीर मे चोट के निशान थे, सूचना मिलते ही कटघोरा पुलिस मौके पर पहुची, जांच के दौरान पुलिस प्रथम दृष्टया हत्या मानकर तस्दीक में जुट गई, मृतक के मोबाइल कॉल डिटेल के लिए साइबर सेल की मदद ली गई, पुलिस की अलग अलग तीन टीम मामले की तफ्तीश में लगी थी, संदेह के बिना पर पुलिस ने मृतक की पत्नी संतोषी पाटले और साडू भाई नरेंद्र टंडन को जांजगीर जिले के बलौदाबाजार से हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई, पहले तो दोनों ने पुलिस को खूब छकाया, सख्ती बरतने पर आरोपी नरेंद्र टंडन में मामले का खुलासा कर दिया, बताया जा रहा है आरोपी संतोषी पाटले और नरेंद्र के बीच अवैध संबंध था, संतोषी मृतक पति कंचराम पाटले की दूसरी पत्नी है, उसने नौकरी और जायदात के लालच में पति को मौत की नींद सुलाने की साजिश रची, इसके लिए बिलासपुर की एक महिला सुपारी किलर पूर्णिमा से डील हुई, पुलिस के मुताबिक अपने प्रेमी कमल कुमार धुरी और कार चालक रामकुमार के साथ कासनिया पहुची, कंचराम को आफिस से बाहर बुलाया और किटनैप कर लिया, कार में ही पहले जबरन उसे जहर पिलाया और मुह दबाकर मौत के घाट उतार दिया, फिल्मी स्टाइल में कुछ दूर पर सुतर्रा के समीप कार से बाहर फेंक दिया था,


48 घंटे के भीतर आरोपी सलाखों के पीछे, पुलिस सक्रिय


कोरबा पुलिस की सक्रियता और संवेदनशीलता का ही नतीजा है कि वन विभाग के अधिकारी के हत्यारे दो दिन के भीतर ही सलाखों के पीछे पहुच गए, घटना की सूचना मिलने के बाद से कोरबा एस पी अभिषेक मीणा के मार्गदर्शन पर कटघोरा एसडीओपी रामगोपाल करियारे ने पुलिस की तीन अलग टीम बनाकर तमाम पहलुओं की तस्दीक शुरू कर दी, इस मामले में साइबर सेल की अहम भूमिका रही, पुलिस ने मामले की तह तक पहुचने के लिए दिन रात एक कर दिए, बिलासपुर और जांजगीर जिले में दबिश देकर सभी सात आरोपियो को दबोच लिया गया,

जायदात और नौकरी के लिए पति का खून

आरोपी संतोषी पाटले मृतक की चुरिहाई पत्नी थी, लेकिन उसका पहले से उसके जीजा नरेंद्र टंडन के साथ अवैध संबंध था, शुरू से ही दोनों डिप्टी रेंजर कंचराम पाटले को लूटा करते थे, उसकी कमाई पर इनकी आंखे गड़ी थी, संतोषी अपने पति से झगड़ा कर जांजगीर के बलौदा में अपने प्रेमी के घर मे रहती थी लेकिन हर माह पैसा लेने कटघोरा आती, इतना ही नही उसके प्रेमी नरेंद्र टंडन ने छल कर एक ट्रैक्टर खरीद लिया, नरेंद्र को अमीर बनना था और संतोषी को पति की सरकारी नौकरी अनुकम्पा में चाहिए थी, न तो जायदात मिला और न ही नौकरी, अब दोनों प्रेमी सलाखों के पीछे है,

महिला निकली सुपारी किलर

किसी का खून करने के लिए सुपारी लेने की हिमाकत एक खूंखार हत्यारा ही कर सकता है, फिल्मों में ऐसे मामलों को दिखाया जाता है जिसमे अंडरवर्ड का नाम भी जुड़ा रहता है, लेकिन डिप्टी रेंजर का कत्ल करने वाला कोई और नही बल्कि बल्कि वो सुपारी किलर एक महिला है, जी हां बिलासपुर में लंबे समय से देह ब्यापार करने वाली पूर्णिमा साहू ने कंचराम पाटले के नाम से ढाई लाख की सुपारी ली थी, और फिल्मी इस्टाइल में मौत के खेल को अंजाम तक पहुचा दिया,

सौतेली बेटी के लिए जान कुर्बान

बड़े भाई की मौत के बाद मृतक कंचराम ने अपनी भाभी लक्ष्मीन बाई को पत्नी माल लिया, उसकी पहले से एक बेटी थी, जिसे मिर्गी की बीमारी है, मगर कंचराम को सौतेली बेटी से बेहद प्रेम करते था, बच्ची की बीमारी के इलाज के लिए कंचराम कोई कसर नही छोड़ रहे थे, बेटी को मिर्गी की दवाई मिलने की खबर सुनते ही सबकुछ भूलकर हत्यारो के चंगुल में फस गए और अपनी जान गवा दी,

भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर

पीजी पोर्टल में शिकायत के बाद भी नहीं मिल रहा न्याय, जाँच प्रणाली में सुधार की आवश्यकता, आजादी के 79 साल बाद भी शिकायत के जाँच में स्वतंत्रता नही.


अन्य सम्बंधित खबरें