महासमुंद ज़िले की 56 हजार से ज्यादा ग्रामीण महिलाएं 2200 से ज़्यादा महिला स्व सहायता समूह से जुड़ कर आज खुद का काम कर परिवार को आर्थिक रूप से कर रही मजबूत। कभी घर के दरवाजों तक ही सिमटी रहने वाली ये ग्रामीण महिलायें चूल्हा-चौका, खेती किसानी के काम के साथ आज महिला स्वयं सहायता समूह से जुड़ कर अपनी आमदनी में इज़ा