मामला रफा-दफा करने के लिए ली राशि, फिर लूट की झूठी घटना को अंजाम देने की रची साजिश, सरपंच समेत 3 गिरफ्तार
बेतिया (पश्चिम चंपारण , बिहार) : पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया में लूट की साजिश रचने के आरोप में एक सरपंच समेत उसके दो सहयोगियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। मामला जगदीशपुर थाना क्षेत्र से जुड़ा हुआ है, जहां पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को हिरासत में लिया।
इस संबंध में बेतिया के एसडीपीओ रजनीश कुमार प्रियदर्शी ने मंगलवार शाम आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार सरपंच सहित तीनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और साजिश के तहत जुटाई गई राशि की बरामदगी के प्रयास किए जा रहे हैं।
पुलिस के अनुसार, सरपंच एक पंचायती के दौरान मामला रफा-दफा करने के लिए एक पक्ष से राशि लेकर दूसरे पक्ष को देने जा रहा था। इसी दौरान उसने लूट की झूठी घटना को अंजाम देने की साजिश रची।
हरसिद्धि थाना क्षेत्र के जगापाकर निवासी फुलेना साह ने पुलिस को बताया कि उन्होंने तीन वर्ष पूर्व अपने पुत्र विकास कुमार की शादी पश्चिम चंपारण के शिवाघाट निवासी मनोज साह की पुत्री प्रतिमा देवी से की थी। शादी के बाद प्रतिमा देवी मायके में रहने लगी और बाद में बेतिया न्यायालय में दहेज उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया।
विवाद सुलझाने के लिए पंचायत में आठ लाख रुपये पर समझौता हुआ था, जिसमें से तीन लाख रुपये जमा किए गए थे। 20 जनवरी को सरपंच शंभु गिरी, फुलेना साह के साथ बेतिया न्यायालय जाने के लिए निकले। इसी दौरान जगदीशपुर कब्रगाह के पास सरपंच ने अपने गांव के दो लोगों से बैग छिनवाकर लूट की साजिश रची और गोली मारने की धमकी भी दिलवाई। इसके बाद 112 नंबर पुलिस को सूचना दी गई।
जांच के दौरान सख्ती से पूछताछ में सरपंच ने कर्ज चुकाने के लिए लूट की साजिश रचने की बात स्वीकार कर ली। पुलिस ने इस मामले में सरपंच शंभु गिरी, उसके भतीजे दिनेश कुमार गिरी और अम्मू गिरी को गिरफ्तार कर लिया है।