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सरायपाली : सिरबोड़ा विद्यालय में कक्षा आठवीं के विद्यार्थियों का भावपूर्ण विदाई समारोह संपन्न

सिरबोड़ा विद्यालय के पावन प्रांगण में कक्षा आठवीं के विद्यार्थियों का विदाई समारोह अत्यंत भावनात्मक, गरिमामय एवं उल्लासपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ विद्या की अधिष्ठात्री देवी माता सरस्वती के पूजन-अर्चन एवं वंदना के साथ हुआ, जिससे पूरे परिसर में आध्यात्मिकता और श्रद्धा की पावन अनुभूति व्याप्त हो गई।

विद्यालय के कक्षा पहली से कक्षा सातवीं तक के विद्यार्थियों ने अपने वरिष्ठ साथियों— श्वेता, नीता, अमृता, नेहा, भूमि, पल्लवी, राखी, रीमा एवं सोहन —को बड़े हर्षोल्लास एवं आत्मीयता के साथ भावभीनी विदाई दी।

कार्यक्रम के प्रथम चरण में बच्चों ने रंगारंग प्रस्तुतियों, मनोरंजक गतिविधियों और विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का अद्भुत प्रदर्शन किया। गीत, नृत्य और हंसी-खुशी से भरे इन पलों ने पूरे वातावरण को उत्साह और उमंग से भर दिया।

भोजन अवकाश के पश्चात विद्यालय परिवार की ओर से कक्षा आठवीं के सभी विद्यार्थियों को स्नेह-चिन्ह स्वरूप विदाई उपहार प्रदान किए गए। विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए कु. श्वेता कैवर्त को “बेस्ट स्टूडेंट अवार्ड” से सम्मानित किया गया, जो उसके परिश्रम, अनुशासन और प्रतिभा का सुंदर प्रतिफल था।

इस अवसर पर संस्था प्रमुख हीरालाल साहू ने विद्यार्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शिक्षा केवल ज्ञान प्राप्ति का माध्यम नहीं, बल्कि संस्कारों और आदर्शों का पथ भी है।

प्रधान पाठक धर्मेन्द्रनाथ राणा ने विद्यार्थियों के साथ बिताए आठ वर्षों की स्मृतियों को साझा करते हुए उन्हें जीवन में सदैव सत्य, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के मार्ग पर चलने तथा एक आदर्श नागरिक बनकर देश की सेवा करने की प्रेरणा दी।

इसी क्रम में अनिता साहू, महेश कुमार साहू एवं क्षीरोद्र चौधरी ने भी विद्यार्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य हेतु आशीर्वाद एवं मंगलकामनाएं प्रदान कीं।

कार्यक्रम के समापन क्षण अत्यंत भावुक रहे। छोटे बच्चों और शिक्षकों की आँखें नम हो उठीं, जब कक्षा आठवीं के विद्यार्थियों को अश्रुपूरित नेत्रों से भावभीनी विदाई दी गई। यह क्षण केवल विदाई का नहीं, बल्कि स्नेह, संस्कार और आत्मीयता के अमिट संबंधों का प्रतीक बन गया।

निस्संदेह, सिरबोड़ा विद्यालय के इस पावन आँगन में बिताए गए ये आठ वर्ष विद्यार्थियों के जीवन की अमूल्य धरोहर बनकर सदा उनके हृदय में जीवंत रहेंगे। विद्यालय परिवार की ओर से सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल, सफल और मंगलमय भविष्य की हार्दिक कामना की गई।


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